महाराष्ट्र में बाघ का आतंक: तेंदू पत्ता तोड़ने गईं 4 महिलाओं को बाघ ने मार डाला

महाराष्ट्र  | महाराष्ट्र के चंद्रपुर जिले में इंसान और वन्यजीव संघर्ष की बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है। सिंदेवाही तहसील के गुंजेवाही गांव के जंगल में तेंदू पत्ता तोड़ने गई चार महिलाओं को बाघ ने हमला कर मौत के घाट उतार दिया। इस घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत और मातम का माहौल है।

जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार सुबह गांव की महिलाएं रोज की तरह जंगल में तेंदू पत्ता इकट्ठा करने गई थीं। इसी दौरान घात लगाए बैठे बाघ ने अचानक हमला कर दिया। महिलाओं की चीख-पुकार सुनकर आसपास मौजूद लोग मौके की ओर दौड़े, लेकिन तब तक बाघ चार महिलाओं को गंभीर रूप से घायल कर चुका था। घटनास्थल पर ही चारों की मौत हो गई।

मृत महिलाओं की पहचान कावड़ाबाई मोहुर्ले (45), अनिताबाई मोहुर्ले (40), सुनीता मोहुर्ले (38) और संगीता चौधरी (50) के रूप में हुई है। सभी महिलाएं गुंजेवाही गांव की निवासी थीं और जंगल से तेंदूपत्ता इकट्ठा कर अपने परिवार का पालन-पोषण करती थीं।

घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग, पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वन विभाग ने इलाके में सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया है और ग्रामीणों को फिलहाल जंगल में न जाने की सलाह दी गई है।

बताया जा रहा है कि चंद्रपुर जिले में हाल के दिनों में बाघों की गतिविधियां बढ़ी हैं। जंगलों के आसपास बसे गांवों में वन्यजीवों के हमले लगातार चिंता का कारण बने हुए हैं। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से इलाके में सुरक्षा बढ़ाने और आदमखोर बाघ को पकड़ने की मांग की है।

इस घटना के बाद गुंजेवाही गांव में मातम पसरा हुआ है। ग्रामीणों में भय का माहौल है और लोग जंगल जाने से डर रहे हैं। वन विभाग ने आश्वासन दिया है कि बाघ की पहचान कर जल्द कार्रवाई की जाएगी, ताकि आगे ऐसी घटनाएं न हों।

शेयर करें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *