एनएमडीसी की पहल से दक्षिण बस्तर की बेटियों को मिलेगा नर्सिंग शिक्षा का अवसर, प्रवेश परीक्षा में 546 छात्राएं शामिल

बचेली । दक्षिण बस्तर के दूरस्थ अंचलों में उच्च शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एनएमडीसी बचेली कॉम्प्लेक्स के सीएसआर विभाग ने नर्सिंग पाठ्यक्रमों के लिए लिखित प्रवेश परीक्षा का आयोजन किया। परीक्षा 13 अगस्त को जावंगा स्थित एनएमडीसी पॉलिटेक्निक एवं आस्था विद्या मंदिर परिसर में सफलतापूर्वक संपन्न हुई।

नर्सिंग पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए 14 जुलाई 2026 को प्रमुख समाचार पत्रों के माध्यम से आधिकारिक सूचना जारी की गई थी। इसके बाद बड़ी संख्या में योग्य छात्राओं ने ऑनलाइन पंजीयन कराया। परीक्षा के लिए कुल 698 छात्राएं पात्र पाई गईं, जिनमें से 546 अभ्यर्थियों ने लिखित परीक्षा में हिस्सा लिया।

परीक्षा की निगरानी और संचालन के लिए अपोलो कॉलेज ऑफ नर्सिंग, यशोदा कॉलेज ऑफ नर्सिंग, किम्स कॉलेज एंड स्कूल ऑफ नर्सिंग, हैदराबाद तथा अपोलो कॉलेज ऑफ नर्सिंग, आरागोंडा (चित्तूर) से वरिष्ठ शिक्षकों की टीम पहुंची थी। टीम ने परीक्षा प्रक्रिया को निर्धारित मापदंडों के अनुरूप संपन्न कराया।

यह पूरी परीक्षा उप महाप्रबंधक (मानव संसाधन) एवं सीएसआर श्री जोसी थॉमस के मार्गदर्शन तथा सीएसआर विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों के सहयोग से संपन्न हुई।

मेरिट के आधार पर होगा छात्राओं का चयन

अभ्यर्थियों का चयन लिखित परीक्षा में प्राप्त अंकों के आधार पर मेरिट सूची से किया जाएगा। मेरिट में स्थान प्राप्त करने वाली छात्राओं का आवश्यक मेडिकल परीक्षण कराया जाएगा। इसके बाद चयनित छात्राओं को संबंधित नर्सिंग कॉलेजों में सीधे प्रवेश दिया जाएगा।

एनएमडीसी प्रबंधन द्वारा चयनित छात्राओं की पढ़ाई, आवास और प्रशिक्षण का संपूर्ण वित्तीय खर्च वहन किया जाएगा। इससे आर्थिक रूप से कमजोर एवं दूरस्थ क्षेत्र की प्रतिभावान छात्राओं को नर्सिंग शिक्षा प्राप्त कर चिकित्सा क्षेत्र में बेहतर करियर बनाने का अवसर मिलेगा।

शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में अवसर बढ़ाने की पहल

एनएमडीसी की यह सीएसआर पहल दक्षिण बस्तर क्षेत्र की छात्राओं को गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा से जोड़ने के साथ स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए प्रशिक्षित मानव संसाधन तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। योजना के माध्यम से स्थानीय प्रतिभाओं को चिकित्सा एवं नर्सिंग क्षेत्र में आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा और भविष्य में क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं को भी इसका लाभ मिलने की उम्मीद है।

शेयर करें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *