दिल्ली |दिल्ली के मालवीय नगर इलाके में हुए भीषण होटल अग्निकांड की जांच में लगातार गंभीर लापरवाहियां सामने आ रही हैं। 3 जून को ‘फ्लोरिश स्टे B&B’ होटल में लगी इस आग में अब तक 22 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि कई घायल अलग-अलग अस्पतालों में इलाजरत हैं।
किचन की लापरवाही से शुरू हुई आग
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि हादसे की शुरुआत किचन में हुई, जहां तेल से भरा फ्रायर गलती से चालू छोड़ दिया गया था। रसोइया चाय बनाने में व्यस्त हो गया और इसी दौरान फ्रायर का तापमान बढ़कर आग भड़क उठा। जांच में यह भी पाया गया कि होटल में रखे कार्टन और अन्य ज्वलनशील सामग्री ने आग को तेजी से फैलाने में बड़ी भूमिका निभाई।
30 मिनट की देरी ने बढ़ाया नुकसान
अधिकारियों को आग की सूचना देने में लगभग 30 मिनट की देरी हुई, जिसे जांच में एक बड़ा कारण माना जा रहा है। इस देरी के चलते आग पर समय रहते काबू नहीं पाया जा सका और पूरी इमारत में धुआं और लपटें फैल गईं।
स्टाफ पर गंभीर आरोप
जांच के अनुसार, घटना के समय होटल में केवल तीन स्टाफ मौजूद थे। रसोइये ने स्वीकार किया है कि उसकी लापरवाही से आग लगी। आरोप है कि आग लगने के बाद न तो मेहमानों को सतर्क किया गया और न ही तुरंत इमरजेंसी सेवाओं को सूचना दी गई।
इमारत की संरचना पर भी सवाल
जांच में यह भी सामने आया है कि होटल की संरचना में गंभीर खामियां थीं। आरोप है कि निर्माण में सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया गया था। सीढ़ियों और अंदरूनी हिस्सों में ज्वलनशील सामग्री के उपयोग ने आग को और खतरनाक बना दिया।
CCTV नष्ट, जांच में चुनौती
हादसे के दौरान होटल के अंदर और बाहर लगे CCTV कैमरों की रिकॉर्डिंग नष्ट हो गई, जिससे घटनाक्रम की सटीक टाइमलाइन बनाना मुश्किल हो गया है।
IIT दिल्ली करेगी तकनीकी जांच
पुलिस अब IIT दिल्ली की मदद से इमारत की 3D मैपिंग और तकनीकी अध्ययन कराने की तैयारी कर रही है। इस अध्ययन में आग के फैलने के पैटर्न, वेंटिलेशन सिस्टम, बिजली व्यवस्था और संरचनात्मक कमजोरियों की जांच की जाएगी।
होटल संचालन से जुड़े लोग जांच के घेरे में
होटल के कथित प्रबंधक और वित्तीय संचालन से जुड़े जय मिश्रा ने कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया है, जिसे पुलिस हिरासत में भेजा गया है। वहीं होटल मालिक लवकेश बजाज और अन्य सहयोगियों की भूमिका की भी जांच जारी है।
जांच जारी
पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक संकेतों में साफ है कि तकनीकी खामियों, सुरक्षा मानकों की अनदेखी और मानव लापरवाही ने मिलकर इस बड़े हादसे को जन्म दिया।
फिलहाल जांच जारी है और आने वाले दिनों में कई और अहम खुलासे होने की संभावना है।