सक्ती-विगत दिवस ग्राम सकरेलीकला में आयोजित नवधा रामायण में वृन्दावन धाम वाले अनिरुद्धाचार्य महाराज शामिल हुए,इस समय अनिरुद्धाचार्य जी महाराज का भागवत कथा रायगढ़ जिले के ग्राम चपले में चल रहा है। जहां से अपने संक्षिप्त प्रवास में ग्राम सकरेलीकला में आयोजित नवधा रामायण कार्यक्रम में शामिल हुए। उनके द्वारा कथा स्थल में धर्म, संस्कार एवं सामाजिक जीवन पर अपने दिव्य वाणी से विशाल जनसभा को संबोधित किया गया। रामायण एवं महाभारत के विभिन्न प्रसंगों के द्वारा मानव जन जीवन, धर्म, संस्कार पर विस्तृत व्याख्यान दिया गया, उन्होंने कहा कि हर मनुष्य को कम से कम एक घंटा का समय धर्म के लिए आरक्षित रखना चाहिए। माताएं अपने बच्चों को सनातन धर्म, हिन्दू दिन चर्या और जीवन पद्धति की शिक्षा जरुर दें।

महराज जी के द्वारा धर्मान्तरण पर कड़ा प्रहार किया गया। इसे रोकने के युवा वर्ग सामने आयें। जहां से भी धर्मान्तरण की सूचना मिलती है, इसका पुरजोर विरोध करें। सनातन धर्म की रक्षा करना हम सबका नैतिक जिम्मेदारी है,कथा स्थल में छत्तीसगढ़ शासन के शांकभरी बोर्ड के अध्यक्ष रामकुमार पटेल, छत्तीसगढ़ हरदिहा पटेल समाज के प्रदेशाध्यक्ष प्रेम पटेल उपस्थित थे। इससे पूर्व नवधा रामायण समिति के अध्यक्ष यशवंत साहू एवं उनके परिवार के द्वारा महराज जी का शाल एवं श्रीफल से सम्मान किया गया। कार्यक्रम आयोजन में ग्राम सकरेलीकला के सरपंच डमरूधर साहू, रामानुज साहू, लोकनाथ पटेल, रामप्रसाद पटेल एवं वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी रोशन पटेल एवं समस्त ग्रामवासी थे। आयोजन का संचालन मिलन श्रीवास के द्वारा किया गया।
