पाकिस्तान | पाकिस्तान के अशांत बलूचिस्तान प्रांत में सुरक्षाबलों ने आतंकवाद के खिलाफ बड़ी कार्रवाई का दावा किया है। पाकिस्तानी सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक मंगला जरघून घर इलाके में चलाए गए व्यापक ऑपरेशन में 35 आतंकियों को मार गिराया गया, जबकि तीन सीनियर कमांडरों को जिंदा गिरफ्तार किया गया है।
जानकारी के अनुसार यह अभियान 13 मई से लगातार जारी है। बलूचिस्तान सरकार के प्रवक्ता शाहिद रिंद ने क्वेटा में मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि कार्रवाई प्रतिबंधित संगठन तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) और उससे जुड़े नेटवर्क के खिलाफ की गई।
आतंकियों के कई ठिकाने तबाह
सुरक्षाबलों ने ऑपरेशन के दौरान आतंकियों के कई बेस कैंप और छिपने के ठिकानों को भी नष्ट कर दिया। बताया जा रहा है कि इलाके में भारी मात्रा में हथियार और विस्फोटक सामग्री भी बरामद की गई है।
हालांकि अब तक पाकिस्तानी सेना की ओर से इस पूरे ऑपरेशन को लेकर कोई विस्तृत आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है, लेकिन स्थानीय प्रशासन इसे हाल के वर्षों की सबसे बड़ी आतंकवाद विरोधी कार्रवाइयों में से एक बता रहा है।
हाल ही में शहीद हुए थे 5 सैनिक
यह बड़ा ऑपरेशन ऐसे समय में सामने आया है, जब कुछ दिन पहले ही बरखान जिले में आतंकियों के खिलाफ कार्रवाई के दौरान पाकिस्तानी सेना के एक मेजर समेत पांच सैनिक मारे गए थे। उस मुठभेड़ में सात आतंकियों के ढेर होने की पुष्टि की गई थी।
सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि हाल के महीनों में बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वा क्षेत्रों में आतंकी गतिविधियों में तेजी आई है, जिसके बाद सैन्य अभियान और तेज किए गए हैं।
पाकिस्तान की छवि सुधारने की कोशिश?
विशेषज्ञों का मानना है कि यह अभियान केवल सुरक्षा कार्रवाई नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी छवि सुधारने की कोशिश भी हो सकता है। Pakistan लंबे समय से आतंकवाद को समर्थन देने और आतंकी संगठनों को पनाह देने के आरोपों का सामना करता रहा है।
ऐसे में बलूचिस्तान में बड़े पैमाने पर चलाया गया यह ऑपरेशन दुनिया को यह संदेश देने की कोशिश माना जा रहा है कि पाकिस्तान अब आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख अपना रहा है।
फिलहाल पूरे इलाके में सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी गई है और तलाशी अभियान लगातार जारी है।