डोकलाम-गलवान के चीनी कमांडर पर जिनपिंग का बड़ा एक्शन, 2 वरिष्ठ जनरल भी हटाए गए

बीजिंग । चीन की सेना में एक बार फिर बड़ा फेरबदल हुआ है। राष्ट्रपति शी जिनपिंग के नेतृत्व में सैन्य और राजनीतिक स्तर पर कई वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। डोकलाम गतिरोध और गलवान घाटी झड़प के दौरान चीन की वेस्टर्न थिएटर कमांड का नेतृत्व कर चुके जनरल झाओ जोंगकी की राजनीतिक सलाहकार संस्था से सदस्यता समाप्त कर दी गई है। इसके अलावा सेंट्रल मिलिट्री कमीशन (CMC) से दो वरिष्ठ अधिकारियों झांग यूशिया और लियू झेनली को भी हटाया गया है।

झाओ जोंगकी पर बड़ी कार्रवाई

जनरल झाओ जोंगकी फरवरी 2016 में चीन की वेस्टर्न थिएटर कमांड के पहले कमांडर बने थे। यह कमांड तिब्बत, शिनजियांग और भारत से लगी चीन की सीमा के बड़े हिस्से में सैन्य गतिविधियों की निगरानी करती है।

झाओ ने 2017 के डोकलाम गतिरोध और 2020 की गलवान घाटी झड़प के दौरान इसी कमांड की जिम्मेदारी संभाली थी। अब चीन की शीर्ष राजनीतिक सलाहकार संस्था चाइनीज पीपुल्स पॉलिटिकल कंसल्टेटिव कॉन्फ्रेंस (CPPCC) से उनकी सदस्यता भी समाप्त कर दी गई है।

CMC से दो वरिष्ठ अधिकारी बाहर

चीन की सर्वोच्च सैन्य संस्था सेंट्रल मिलिट्री कमीशन से झांग यूशिया और लियू झेनली को भी हटाया गया है। दोनों अधिकारियों के खिलाफ अनुशासन और कानून के गंभीर उल्लंघन के संदेह का उल्लेख किया गया है।

इन बदलावों के बाद सात सदस्यीय राज्य CMC में सक्रिय सदस्यों की संख्या काफी कम हो गई है। इनमें राष्ट्रपति शी जिनपिंग भी शामिल हैं। इसके साथ ही नेशनल पीपुल्स कांग्रेस के 12 सांसदों की सीटें भी समाप्त किए जाने की जानकारी सामने आई है।

भ्रष्टाचार विरोधी अभियान से जोड़कर देखा जा रहा फैसला

चीन की सेना में वरिष्ठ अधिकारियों पर हो रही लगातार कार्रवाई को लंबे समय से चल रहे भ्रष्टाचार विरोधी अभियान से जोड़कर देखा जा रहा है। हालिया घटनाक्रम को भी सैन्य नेतृत्व में अनुशासन मजबूत करने और शीर्ष स्तर पर बदलाव की प्रक्रिया का हिस्सा माना जा रहा है।

26 अगस्त को चीन की शीर्ष राजनीतिक सलाहकार संस्था ने झाओ जोंगकी को 14वीं नेशनल कमेटी की स्टैंडिंग कमेटी से हटाने का फैसला किया था। इसके बाद अब उनकी सदस्यता पूरी तरह समाप्त किए जाने की कार्रवाई हुई है।

गलवान झड़प के समय संभाल रहे थे कमान

15 जून 2020 को पूर्वी लद्दाख की गलवान घाटी में भारत और चीन के सैनिकों के बीच हिंसक झड़प हुई थी। इस घटना में भारत के 20 सैनिक शहीद हुए थे। उस समय झाओ जोंगकी चीन की वेस्टर्न थिएटर कमांड के प्रमुख थे।

झाओ पर हुई कार्रवाई ऐसे समय में सामने आई है, जब चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी में कई वरिष्ठ अधिकारियों को हटाया जा रहा है। इससे चीन के सैन्य नेतृत्व में जारी बड़े बदलावों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।

शेयर करें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *