प्रयागराज | उत्तर प्रदेश में बेमौसम आंधी, बारिश और ओलावृष्टि ने भारी तबाही मचाई है। दक्षिणी राजस्थान से आ रही तेज पुरवा हवाओं के कारण प्रदेश के कई जिलों में 100 किलोमीटर प्रति घंटा से अधिक रफ्तार से आंधी चली। प्रयागराज जिले में तेज तूफान के चलते पेड़, बिजली के खंभे, दीवारें और टीनशेड गिरने से अब तक 26 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि एक दर्जन से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं।
प्रशासन के अनुसार फूलपुर तहसील में 6, सोरांव में 7, मेजा में 4, हंडिया में 8 और सदर तहसील में 1 व्यक्ति की मौत हुई है। मृतकों में महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। वहीं पांच लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिनका अस्पताल में इलाज जारी है। आंधी-तूफान के कारण 20 पशुओं की भी मौत हुई है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना का संज्ञान लेते हुए मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने अधिकारियों को राहत और बचाव कार्य तेज करने तथा पीड़ित परिवारों को तत्काल सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपये मुआवजा देने की तैयारी कर रहा है।
प्रशासनिक टीमें नुकसान का आकलन करने में जुटी हैं। कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित हुई है और सड़कें अवरुद्ध होने से लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
प्रयागराज के अलावा प्रदेश के अन्य जिलों में भी आंधी-तूफान ने व्यापक नुकसान पहुंचाया है। भदोही में 18, मिर्जापुर में 15, फतेहपुर में 10, उन्नाव और बदायूं में 6-6 तथा प्रतापगढ़ और बरेली में 4-4 लोगों की मौत हुई है। इसके अलावा सीतापुर, रायबरेली, चंदौली, कानपुर देहात, हरदोई और संभल में भी जानमाल का नुकसान हुआ है।
मौसम विभाग ने अगले कुछ घंटों तक तेज आंधी और बारिश की संभावना जताई है। प्रशासन ने लोगों से खराब मौसम के दौरान घरों में रहने और पेड़ों व बिजली के खंभों से दूर रहने की अपील की है।