रायपुर । छत्तीसगढ़ में महिला एवं बाल विकास विभाग के अंतर्गत कार्यरत 12 पर्यवेक्षकों के लिए राहत भरी खबर है। विभाग ने उनकी परिवीक्षा अवधि समाप्त करने का आदेश जारी किया है। यह कार्रवाई महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े के निर्देश पर विभागीय प्रक्रिया पूरी होने के बाद की गई है।
विभागीय समिति की 12 अक्टूबर को आयोजित बैठक में की गई अनुशंसा के आधार पर 22 अक्टूबर को आदेश जारी किया गया। परिवीक्षा अवधि पूरी करने वाले ये पर्यवेक्षक बस्तर, कोंडागांव, दंतेवाड़ा, बालोद, दुर्ग और रायपुर जिलों में पदस्थ हैं।
इस सूची में श्रीमती माया यादव, सुश्री अनुका चन्द्रवंशी, सुश्री धनेश्वरी नाग, श्रीमती रितु देवांगन, सुश्री रजनी भौमना, श्रीमती संध्या साहू, श्रीमती डिम्पल साहू, श्रीमती तृप्ति शर्मा, श्रीमती अंजू सिंह, सुश्री अम्बा पटेल, सुश्री गुंजा ध्रुव और श्रीमती कंचन माहेश्वरी शामिल हैं। वहीं, श्रीमती तृप्ति शर्मा के मामले में विभागीय परीक्षा उत्तीर्ण करने की तिथि के आधार पर परिवीक्षा अवधि समाप्त करने की कार्रवाई की गई है।
यह आदेश छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (सेवा की सामान्य शर्तें) नियम, 1961 के नियम 8(6) के तहत जारी किया गया है। हालांकि, स्थायी पद उपलब्ध नहीं होने के कारण फिलहाल इन पर्यवेक्षकों के स्थायीकरण का आदेश जारी नहीं किया गया है। विभाग के अनुसार, पद उपलब्ध होने पर नियमानुसार स्थायीकरण की कार्रवाई की जाएगी।