नई दिल्ली । मशहूर गायक जुबिन नौटियाल के पिता रामशरण नौटियाल सोमवार को कांग्रेस में शामिल हो गए। उन्होंने नई दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय, 24 अकबर रोड पर उत्तराखंड कांग्रेस प्रभारी एवं पार्टी महासचिव कुमारी शैलजा और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल की मौजूदगी में पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। उनकी वापसी को उत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनावों से पहले कांग्रेस की संगठनात्मक तैयारियों के लिहाज से अहम माना जा रहा है।
इस अवसर पर वरिष्ठ कांग्रेस नेता यशपाल आर्य सहित पार्टी के अन्य नेता भी मौजूद रहे। कांग्रेस नेताओं ने रामशरण नौटियाल का स्वागत करते हुए उम्मीद जताई कि उनके पार्टी में लौटने से संगठन को मजबूती मिलेगी।
भाजपा के कामकाज पर कुमारी शैलजा का हमला
रामशरण नौटियाल की कांग्रेस में वापसी का स्वागत करते हुए कुमारी शैलजा ने कहा कि उनके पुराने साथी को भाजपा में घुटन महसूस हो रही थी और वहां के माहौल तथा कामकाज से वह खिन्न थे। उन्होंने कहा कि रामशरण नौटियाल का कांग्रेस में लौटना पार्टी के लिए स्वागत योग्य कदम है।
वहीं, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने कहा कि रामशरण नौटियाल के पार्टी में शामिल होने से संगठन को नई ताकत मिलेगी। उन्होंने विश्वास जताया कि उनकी मौजूदगी से उत्तराखंड में कांग्रेस की राजनीतिक गतिविधियों और संगठनात्मक अभियान को मजबूती मिलेगी।
अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर भाजपा पर आरोप
प्रेस वार्ता के दौरान कुमारी शैलजा ने अंकिता भंडारी हत्याकांड का मुद्दा उठाते हुए भाजपा पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि इस मामले ने पूरे देश को झकझोर दिया, लेकिन पीड़ित परिवार को अब तक न्याय नहीं मिला है।
शैलजा ने दावा किया कि मामले से जुड़े कुछ कथित ऑडियो सामने आए और एक वीआईपी का नाम भी चर्चा में आया, लेकिन जांच के सभी पहलुओं की पर्याप्त पड़ताल नहीं की गई। उन्होंने दुष्यंत गौतम से पूछताछ नहीं किए जाने पर भी सवाल उठाए।
उन्होंने सिक्किम के राजभवन में दुष्यंत गौतम को बैठाए जाने को लेकर सवाल खड़े किए और आशंका जताई कि इससे कानूनी कार्रवाई प्रभावित हो सकती है। ये आरोप कांग्रेस नेता की ओर से लगाए गए हैं; इनकी स्वतंत्र पुष्टि और संबंधित पक्षों का जवाब उपलब्ध कराए गए समाचार अंश में शामिल नहीं है।
उत्तराखंड चुनाव से पहले कांग्रेस की तैयारी
उत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए कांग्रेस अपने संगठन को मजबूत करने और राजनीतिक मुद्दों को धार देने में जुटी है। ऐसे समय में रामशरण नौटियाल की पार्टी में वापसी को कांग्रेस के लिए महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है।
अब देखना होगा कि उनकी वापसी से प्रदेश में पार्टी के संगठनात्मक समीकरणों और चुनावी तैयारियों को कितना लाभ मिलता है।