रायपुर। जशपुर जिले के फरसाबहार विकासखंड के ग्राम पंडरीपानी में बुधवार को रक्षाबंधन का पर्व आत्मीय माहौल में मनाया गया। ‘रक्षाबंधन एवं बहनों से संवाद’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय शामिल हुए। क्षेत्र की माताओं-बहनों ने मुख्यमंत्री की कलाई पर राखी बांधी, वहीं मुख्यमंत्री ने उन्हें उपहार भेंट कर स्नेह और सम्मान व्यक्त किया।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि रक्षाबंधन केवल भाई-बहन के प्रेम का पर्व नहीं, बल्कि बहनों के सम्मान, सुरक्षा और सुखद भविष्य के प्रति जिम्मेदारी को दोहराने का अवसर भी है। उन्होंने कहा कि महिलाओं का सम्मान, सुरक्षा और सशक्तिकरण ही समृद्ध छत्तीसगढ़ की मजबूत आधारशिला है। महिलाओं के आर्थिक और सामाजिक रूप से सशक्त होने से परिवार, समाज और प्रदेश की प्रगति को नई दिशा मिलती है।
पंडरीपानी को विकास कार्यों की सौगात
मुख्यमंत्री ने पंडरीपानी में लगभग 64 लाख रुपये के विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन किया। इनमें महतारी सदन का लोकार्पण भी शामिल है। उन्होंने कहा कि महतारी सदन महिलाओं के लिए बैठक, प्रशिक्षण और आजीविका गतिविधियों का सुविधाजनक केंद्र बनेगा।
मुख्यमंत्री ने फरसाबहार और भेलवा में महतारी सदन के निर्माण की घोषणा भी की। इसके साथ ही मुख्य मार्ग से दानी मोड़ा बस्ती तक सड़क निर्माण के लिए 3 करोड़ 23 लाख रुपये की स्वीकृति की जानकारी दी।
महतारी वंदन योजना से महिलाओं को आर्थिक संबल
मुख्यमंत्री ने कहा कि महतारी वंदन योजना के तहत प्रदेश की महिलाओं को प्रतिमाह एक हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जा रही है। रक्षाबंधन के अवसर पर प्रदेश की 67 लाख से अधिक माताओं-बहनों के खातों में 31वीं किस्त के रूप में 631 करोड़ रुपये से अधिक की राशि अंतरित की गई है। सितंबर माह की राशि अग्रिम रूप से जारी किए जाने से बहनों को त्योहार के दौरान आर्थिक राहत मिली।
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल आर्थिक सहायता देना नहीं, बल्कि महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना, उनके कौशल को रोजगार और आजीविका के अवसरों से जोड़ना तथा परिवार और समाज में उनकी भूमिका को मजबूत करना है।
स्व-सहायता समूहों को आर्थिक सहायता
कार्यक्रम में महिला स्व-सहायता समूहों को आजीविका गतिविधियों के विस्तार के लिए सहायता राशि के चेक वितरित किए गए। मोंगरा स्व-सहायता समूह, भगोरा; वैष्णवी स्व-सहायता समूह और चांद स्व-सहायता समूह, कंदईबहार को 1.50-1.50 लाख रुपये तथा प्रतिज्ञा समूह, बड़ा बस्ती को एक लाख रुपये की सहायता दी गई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्व-सहायता समूह ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के साथ महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने का प्रभावी माध्यम बन रहे हैं।
बेटियों और ग्रामीण परिवारों को भी योजनाओं का लाभ
कार्यक्रम में सुकन्या समृद्धि योजना के तहत बालिका मीनाक्षी यादव और श्रेया पैंकरा को खाता पासबुक प्रदान की गई। मुख्यमंत्री ने बेटियों की शिक्षा, सुरक्षा और आर्थिक सशक्तिकरण को सरकार की प्राथमिकता बताया।
वहीं, स्वामित्व योजना के तहत हरावती, जगमनी, राजमनी, लक्ष्मी और सुमित्रा को अधिकार अभिलेख वितरित किए गए। इससे हितग्राहियों को संपत्ति पर अधिकार के साथ दस्तावेजी सुरक्षा मिलेगी।
सुशासन के लिए डिजिटल सेवाओं पर जोर
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सरकार शासन की सेवाओं को सरल, पारदर्शी और लोगों के लिए सुलभ बनाने की दिशा में काम कर रही है। सेवा सेतु के माध्यम से 36 विभागों की 700 से अधिक सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध कराई गई हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में वित्तीय समावेशन के लिए अटल डिजिटल सेवा केंद्र शुरू किए जा रहे हैं तथा जनसमस्याओं के त्वरित समाधान के लिए मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 प्रारंभ की गई है।
‘विष्णु भैया’ हैं छत्तीसगढ़ की बहनों के मुख्यमंत्री : गोमती साय
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पत्थलगांव विधायक श्रीमती गोमती साय ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने महिलाओं के सम्मान और आर्थिक स्वावलंबन को शासन की प्राथमिकताओं में रखा है। उन्होंने महतारी वंदन योजना और महतारी सदन को महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण पहल बताया।
उन्होंने पंडरीपानी में एसबीआई की शाखा शुरू होने को क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण सौगात बताते हुए कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय पूरे छत्तीसगढ़ की बहनों के ‘विष्णु भैया’ हैं और उनके सम्मान, सुरक्षा, स्वावलंबन एवं कल्याण के लिए लगातार कार्य कर रहे हैं।
कार्यक्रम में विधायक श्रीमती गोमती साय, कलेक्टर श्री रोहित व्यास, एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह, जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक कुमार सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में क्षेत्र की माताएं-बहनें उपस्थित रहीं।