नई दिल्ली। एशियन गेम्स 2026 में जगह बनाने का सपना लेकर चयन ट्रायल में उतरीं ओलिंपियन पहलवान विनेश फोगाट का सफर सेमीफाइनल में ही थम गया। सुप्रीम कोर्ट से ट्रायल में हिस्सा लेने की अनुमति मिलने के बावजूद विनेश 53 किलोग्राम वर्ग के सेमीफाइनल मुकाबले में मीनाक्षी गोयत से 6-4 से हार गईं, जिसके साथ ही एशियन गेम्स में खेलने की उनकी उम्मीदें टूट गईं।
ट्रायल की शुरुआत विनेश ने शानदार अंदाज में की थी। उन्होंने पहले मुकाबले में ज्योति सिहाग को 7-1 और दूसरे मुकाबले में नीशू को रोमांचक संघर्ष में 7-6 से हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई। हालांकि नीशू के खिलाफ मुकाबला रेफरी के फैसलों को लेकर विवादों में भी रहा और मैच के दौरान काफी देर तक हंगामा देखने को मिला।
सेमीफाइनल में एशियन चैंपियनशिप की रजत पदक विजेता मीनाक्षी गोयत ने बेहतर प्रदर्शन करते हुए विनेश को 6-4 से मात दी और फाइनल में प्रवेश कर लिया। इस हार के साथ पेरिस ओलिंपिक 2024 के बाद प्रतिस्पर्धी कुश्ती में वापसी कर रहीं विनेश का एशियन गेम्स 2026 में खेलने का सपना अधूरा रह गया।
ट्रायल से पहले भी विवादों का दौर जारी रहा। एंट्री और वेट-इन प्रक्रिया को लेकर हुए विवाद के बाद रेसलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (WFI) अध्यक्ष संजय सिंह के हस्तक्षेप से विनेश को 53 किलोग्राम वर्ग में खेलने की अनुमति मिली थी। इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने भी WFI की याचिका खारिज करते हुए उन्हें ट्रायल में भाग लेने की राहत दी थी।
हार के बाद विनेश ने व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि उन्हें ट्रायल के दौरान कई परेशानियों का सामना करना पड़ा और अब उन्हें किसी पर भरोसा नहीं है। हालांकि तमाम संघर्षों और कानूनी लड़ाई के बाद भी वह एशियन गेम्स 2026 के लिए क्वालिफाई करने में सफल नहीं हो सकीं।