रायपुर | जिले में ईंधन की जमाखोरी रोकने और पेट्रोल-डीजल की सुचारू आपूर्ति बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी कार्यालय की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति में सभी पेट्रोल पंप संचालकों को आवश्यक निर्देश जारी किए गए हैं।
अपर कलेक्टर अनिल सिदार द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि पेट्रोल पंप संचालक केवल वाहनों में ही पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति करेंगे। खुले बर्तन, जरीकेन या अन्य अवैध माध्यमों से ईंधन देने पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा।
आवश्यक सेवाओं के लिए रिजर्व स्टॉक अनिवार्य
प्रशासन ने कहा है कि एम्बुलेंस, शासकीय वाहनों और सुरक्षा बलों के वाहनों के लिए ईंधन की उपलब्धता हर हाल में सुनिश्चित की जाए। इसके लिए सभी पेट्रोल पंपों को पर्याप्त रिजर्व स्टॉक बनाए रखना अनिवार्य किया गया है।
रोज देनी होगी स्टॉक रिपोर्ट
सभी पेट्रोल पंप संचालकों को अपने दैनिक ईंधन स्टॉक की जानकारी जिला कार्यालय की खाद्य शाखा को भेजनी होगी। आदेश के अनुसार यदि किसी पंप पर प्रतिदिन की औसत बिक्री के हिसाब से दो दिन से कम का स्टॉक बचता है, तो इसकी सूचना तत्काल जिला प्रशासन को देनी होगी।
इसके अलावा नए स्टॉक की बुकिंग और आपूर्ति से जुड़ी जानकारी भी लगातार खाद्य शाखा को उपलब्ध करानी होगी।
जिले में फिलहाल पर्याप्त स्टॉक
प्रशासन के मुताबिक जिले में वर्तमान में पेट्रोल, डीजल और घरेलू गैस की पर्याप्त उपलब्धता है। जारी आंकड़ों के अनुसार:
* पेट्रोल: 1,91,684 लीटर
* डीजल: 1,93,700 लीटर
* घरेलू LPG सिलेंडर: 1,572 नग
कालाबाजारी पर होगी कड़ी कार्रवाई
जिला प्रशासन ने चेतावनी दी है कि पेट्रोल, डीजल और गैस सिलेंडर की कालाबाजारी, अवैध भंडारण या नियमों के उल्लंघन की स्थिति में संबंधित लोगों के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 और अन्य नियंत्रण आदेशों के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन ने आम लोगों से भी अपील की है कि घबराहट में ईंधन का अनावश्यक भंडारण न करें और किसी भी प्रकार की कालाबाजारी की सूचना तुरंत प्रशासन को दें।