रायपुर, नवरात्रि के पावन अवसर पर बिरगांव के वार्ड नंबर 9, मेटल पार्क में नए लईका घर का उद्घाटन कार्यकम संपन्न हुआ। यह केंद्र चेतना चाइल्ड एंड वुमेन वेलफेयर सोसाइटी और अजीम प्रेमजी फाउंडेशन के सहयोग से स्थापित किया गया है। उद्घाटन कार्यकम में बिरगांव के महापौर नंदलाल देवांगन, महिला बाल विकास समिति की सभापति, और वार्ड नंबर 9 मेटल पार्क की पार्षद भारती चंद्राकर ने दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। इस अवसर पर अजीम प्रेमजी फाउंडेशन, चेतना सोसाइटी के सदस्य, और 50 से अधिक समुदायिक लोग, विशेष रूप से बच्चों के अभिभावक मौजूद रहे। कार्यकम का समापन क्षेत्र के बच्चों के नृत्य से हुआ, जो दर्शकों को उत्साहित करने वाला रहा।
लईका घर, जिसका अर्थ छत्तीसगढ़ी में “बच्चों का घर” है, 7 महीने से 3 वर्ष तक के सभी बच्चों की देखभाल और विकास के लिए एक पहल है। इसका उद्देश्य पूरक पोषण, प्रारंभिक बाल विकास (ईसीडी) गतिविधियां, और सरकारी योजनाओं जैसे टीकाकरण, टेक होम राशन (टीएचआर), और स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच सुनिश्चित करना है। यह केंद्र 20 बच्चों की क्षमता के साथ छह दिन प्रति सप्ताह संचालित होगा। केयरगिवर हिरा साहू और पुष्पा साहू ने आत्मविश्वास के साथ केंद्र के कार्यों की जानकारी दी, जिसमें बच्चों की देखभाल, खेल-कूद, और विकास निगरानी शामिल है।
लईका घर बच्चों को सुरक्षित और पोषक वातावरण देता है, जहां वे खेल-कूद और सीखने वाली गतिविधियों में हिस्सा ले सकें। केयरगिवर बच्चों के वजन और ऊंचाई की निगरानी करेंगे, जिससे कुपोषण की पहचान और स्वास्थ्य रेफरल संभव हो सके। यह केंद्र सभी अभिभावकों, चाहे वे कामकाजी हो या न हों बच्चे को दिनभर रख सकते हैं ।
महापौर नंदलाल देवांगन और पार्षद भारती चंद्राकर ने चेतना सोसाइटी और अजीम प्रेमजी फाउंडेशन की इस पहल की प्रशंसा की और सहयोग का आश्वासन दिया चंद्राकर ने प्रसन्नता जताई कि नवरात्रि के शुभ मुहूर्त में उनकी वार्ड में पहला लईका घर खुला है। हिरा और पुष्पा ने बताया कि यह केंद्र बिरगांव के सभी परिवारों के लिए लाभकारी होगा। महापौर ने अधिक लईका घर खोलने का सुझाव दिया।
चेतना की निदेशक इंदु साहू ने बताया कि सोसाइटी बिरगांव में बाल कल्याण और समुदायिक संलग्नता पर कार्यरत है। अजीम प्रेमजी फाउंडेशन के सहयोग से यह मॉडल केंद्र शहरी बच्चों के लिए आधार बनेगा। भविष्य में और केंद्र खोले जाने की योजना है।