किरंदुल. विश्व की सर्वोत्तम गुणवत्तायुक्त एवं देश की सबसे बड़ी लौह अयस्क उत्पादक नवरत्न कंपनी एनएमडीसी लिमिटेड की किरंदुल परियोजना में विश्वकर्मा पूजन का आयोजन किया गया। प्रति वर्ष अत्यंत ही धूमधाम एवं सैलानियों की भारी भीड़ के मध्य मनाया जाने वाला बैलाडीला का यह प्रसिद्ध पूजन विगत वर्ष से कोविड-19 के संक्रमण से बचाव के तहत जिला प्रशासन द्वारा जारी गाइडलाइन के तहत अत्यंत सादगी से मनाया गया, जिसमें बाहर से आने वाले पर्यटकों के लिए पूर्णतः प्रतिबंधित रखा गया। प्रातः से ही परियोजना के अधिशासी निदेशक आर गोविंदराजन, महाप्रबंधक (उत्पादन) विनय कुमार, उप महाप्रबंधक (कार्मिक) विभागाध्यक्ष बी के माधव, उप महाप्रबंधक (माइनिंग) विभागाध्यक्ष एस के कोचर द्वारा माइनिंग-14, माइनिंग-11सी, माइनिंग-11बी, परियोजना चिकित्सालय, लोडिंग प्लांट, छनन संयंत्र-1, केमिकल लैब, छनन संयंत्र-2, सिविल विभाग, विद्युत विभाग में स्थापित किये गए भगवान विश्वकर्मा जी की मूर्ति का सपत्नीक पूजन-हवन किया गया
तथा परियोजना में उत्पादन का नया कीर्तिमान स्थापित करने, नगरवासियों के स्वास्थ्य, समृद्धि, खुशहाली एवं कुशलता की मंगल कामना की गई। इस दौरान एमएमडब्ल्यूयू श्रम संघ के प्रतिनिधि सदस्य पी एल साहू, दिलीप सिंह, दिनेश साहू, ओम साहू, राजेन्द्र यादव, चिन्ना स्वामी, त्रिलोक बांधे तथा संयुक्त खदान मजदूर संघ के अध्यक्ष के साजी, नोमेश्वर राव, देवरायलु, आनंद राव, महेश पासवान सहित परियोजना के अधिकारी कर्मचारीगण सम्मिलित हुए। जिला प्रशासन द्वारा जारी गाइडलाईन का अनुपालन करते हुए इस वर्ष परियोजना द्वारा माइंस क्षेत्र के दर्शनार्थ बसों का परिचालन नहीं किया गया, जिसके कारण बाहर से आने वाले पर्यटकों को मायूस होकर लौटना पड़ा।