आज के समय में कई चौकाने वाले मामले सामने आ रहे हैं। ऐसा ही एक मामला छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले से सामने आया है। जी दरअसल यहाँ के शासकीय जिला चिकित्सालय के डॉक्टर्स ने एक ऐसी बेहद गंभीर महिला का सफल ऑपरेशन कर उसकी जिंदगी बचाई है। आप सभी को बता दें कि यहाँ महिला का ऑपरेशन करने के लिए कई अस्पतालों में मना कर दिया गया था हालाँकि अंत में महिला की जान बचा ली गई। बताया जा रहा है इस बिगडे हुए केस को ठीक करने का जिम्मा दुर्ग जिला चिकित्सालय के चिकित्सकों ने उठाया। यहाँ उनके समपर्णभाव का नतीजा यह निकला कि यह महिला अब पूरी तरह से स्वस्थ्य है।
बताया जा रहा है करीब 3 किलोग्राम वजन वाला फुटबॉल की तरह दिखने वाला ट्यूमर महिला के पेट में था और दुर्ग में रहने वाली ममता निषाद इसी टयूमर के ईलाज के लिए पिछले 2 वर्षो तक भटकते रही। उसको दर्द ऐसा हो रहा था कि मानों जान निकल जाए। ममता का कहना है कि एक दो नही बल्कि कई अस्पतालों के चक्कर इसने लगाए लेकिन इसका इलाज करना तो दूर महिला की बीमारी ही चिकित्सक नही पकड़ पा रहे थे। जब थक हार कर महिला दुर्ग जिला अस्पताल पहुंची तब चिकित्सकों ने इसका पूरे समपर्णभाव से इलाज किया औेर सफल ऑपरेशन कर आज इसकी जिदगी बचा ली है। आगे ममता ने यह भी बताया कि उनके पेट में अक्सर जानलेवा दर्द हुआ करता था और अत्याधिक रक्तस्त्राव हुआ करता था। आज से पिछले 2 साल से यही स्थिति बनी हुई थी।
महिला ने बताया उसके शरीर में महज 2 से ढाई ग्राम हीमोग्लोबीन बचा था और उस कंडीशन में वह जिला अस्पताल पहुंची। इस मामले के बारे में गायनोलॉजिस्ट डॉ स्मिता ने बताया कि महिला का सफल ऑपरेशन कर उसके पेट में से करीब 3 किलो का टयूमर बाहर निकाला गया। इसी के साथ यह भी बताया गया कि करीब 3 घंटे तक चले इस ऑपरेशन में चिकित्सकों सहित 4 लोगों की टीम ने अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।