एमसीबी । कोटाडोल- कमर्जी मुख्य मार्ग पर तरईया नदी में बना पुल बारिश के दौरान 30 अगस्त को क्षतिग्रस्त हो गया। पुल की स्थिति को देखते हुए दुर्घटना की आशंका के मद्देनजर प्रशासन ने पुल से पैदल यात्रियों सहित सभी प्रकार के वाहनों के आवागमन पर अस्थायी रोक लगा दी है।
प्रशासन के अनुसार, यह पुल कोटाडोल से करीब 300 मीटर और खिरकी बैरियर से लगभग 2 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। पुल के क्षतिग्रस्त होने के कारण फिलहाल सुरक्षा की दृष्टि से किसी भी व्यक्ति या वाहन को पुल से गुजरने की अनुमति नहीं होगी।
दोपहिया और एम्बुलेंस के लिए वैकल्पिक मार्ग
जनकपुर की ओर से आने वाले पैदल यात्रियों और दोपहिया वाहन चालकों को ग्राम बरौता से ग्राम नेरूवा, फिर ग्राम रजरावल होते हुए खिरकी वन विभाग बैरियर तक बने वैकल्पिक मार्ग का उपयोग करना होगा। वहीं कमर्जी की ओर से आने वाले पैदल यात्री और दोपहिया वाहन खिरकी वन विभाग बैरियर से विपरीत दिशा में बरौता मुख्य मार्ग तक पहुंच सकेंगे।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह वैकल्पिक मार्ग केवल पैदल यात्रियों, दोपहिया वाहनों और एम्बुलेंस के लिए निर्धारित किया गया है। मार्ग का कुछ हिस्सा कच्चा होने के कारण आवागमन में अतिरिक्त दूरी तय करनी होगी। वैकल्पिक रास्ते के इस्तेमाल से कोटाडोल से कमर्जी की दूरी सामान्य 17 किलोमीटर से बढ़कर करीब 24 किलोमीटर हो जाएगी।
उल्लंघन पर कार्रवाई की चेतावनी
प्रशासन ने पुल पर लगाए गए प्रतिबंध का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 223 तथा मोटर यान अधिनियम, 1988 की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की चेतावनी दी है। यह आदेश 30 अगस्त से 7 सितंबर 2026 तक प्रभावी रहेगा अथवा स्थिति में पहले बदलाव होने तक लागू रहेगा।
5 सितंबर तक हल्के वाहनों के लिए खुलने की उम्मीद
प्रशासन ने बताया कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के माध्यम से पुल की मरम्मत का कार्य कराया जा रहा है। मरम्मत के बाद 5 सितंबर 2026, शनिवार तक पुल को पैदल यात्रियों, दोपहिया और हल्के चारपहिया वाहनों के लिए खोलने का लक्ष्य रखा गया है।
वहीं नदी में वर्तमान में जलस्तर अधिक होने के कारण बस और ट्रक जैसे भारी वाहनों का आवागमन फिलहाल संभव नहीं होगा। भारी वाहनों के लिए आवश्यक मरम्मत कार्य पूरा कर पुल को 1 अक्टूबर 2026 से पहले पूरी तरह खोलने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।