मुंबई। रक्षाबंधन के मौके पर ज्वैलरी ब्रांड GIVA के एक विज्ञापन को लेकर विवाद बढ़ गया है। अभिनेत्री कृति सेनन के नजर आने वाले इस कैंपेन पर मशहूर गायक सोनू निगम ने सार्वजनिक रूप से आपत्ति जताई है। उन्होंने विज्ञापन को हिंदू परंपराओं के प्रति असंवेदनशील बताते हुए त्योहारों और धार्मिक भावनाओं से जुड़े प्रचार में सांस्कृतिक मर्यादा का ध्यान रखने की बात कही।
सोनू निगम ने सोशल मीडिया पर जारी अपने बयान में स्पष्ट किया कि उनकी आपत्ति महिलाओं के पहनावे से नहीं, बल्कि धार्मिक त्योहारों को विज्ञापन और मार्केटिंग के लिए इस्तेमाल किए जाने के तरीके से है। उन्होंने कहा कि अलग-अलग धार्मिक स्थलों पर वहां की परंपराओं और ड्रेस कोड का सम्मान किया जाता है, इसलिए त्योहारों से जुड़े विज्ञापनों में भी मर्यादा का पालन होना चाहिए।
विज्ञापन को लेकर पहले भी उठे सवाल
इस विवाद को लेकर इससे पहले बीजेपी सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत ने भी विज्ञापन की आलोचना की थी। उन्होंने रक्षाबंधन जैसे पारंपरिक त्योहार पर आधारित कैंपेन में अभिनेत्री के पहनावे को लेकर सवाल उठाए थे।
वहीं, कृति सेनन ने अपने काम का बचाव करते हुए कहा था कि संस्कृति और परंपरा के प्रति सम्मान व्यक्ति के दिल में होता है और इसे केवल कपड़ों के आधार पर तय नहीं किया जाना चाहिए। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने भी महिलाओं को उनकी निजी पसंद के लिए ट्रोल किए जाने का विरोध किया था।
आलोचना के बाद GIVA ने वापस लिया विज्ञापन
सोशल मीडिया पर बढ़ते विवाद और लोगों की प्रतिक्रियाओं के बीच ज्वैलरी ब्रांड GIVA ने विज्ञापन वापस ले लिया। कंपनी ने भारतीय परंपराओं और त्योहारों के प्रति सम्मान जताते हुए कहा कि उसका उद्देश्य किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था। कंपनी ने विज्ञापन से किसी की भावनाएं आहत होने पर माफी भी मांगी।
रक्षाबंधन विज्ञापन को लेकर उठा यह विवाद अब विज्ञापन की रचनात्मक स्वतंत्रता, महिलाओं की पसंद और धार्मिक-सांस्कृतिक संवेदनशीलता के बीच संतुलन को लेकर बहस का विषय बन गया है।