नई दिल्ली | भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार विकेटकीपर-बल्लेबाज ऋषभ पंत के सीमित ओवरों के भविष्य को लेकर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं। वेस्टइंडीज के खिलाफ आगामी तीन मैचों की ODI सीरीज के लिए घोषित भारतीय टीम में पंत को जगह नहीं मिली है। इसके बजाय उन्हें रेस्ट ऑफ इंडिया की कप्तानी सौंपी गई है, जो ईरानी कप में रणजी ट्रॉफी चैंपियन जम्मू-कश्मीर के खिलाफ खेलेगी।
पंत पिछले कुछ समय से भारतीय टीम की T20I योजनाओं का हिस्सा नहीं हैं और ODI क्रिकेट में भी उन्हें लगातार मौके नहीं मिल रहे हैं। उनका आखिरी ODI मुकाबला अगस्त 2024 में श्रीलंका के खिलाफ था। इसके बाद से वह इस फॉर्मेट में टीम इंडिया में वापसी नहीं कर पाए हैं।
वेस्टइंडीज सीरीज में थी वापसी की उम्मीद
वेस्टइंडीज के खिलाफ ODI सीरीज को पंत के लिए वापसी का संभावित मौका माना जा रहा था। टीम में कई नियमित खिलाड़ी उपलब्ध नहीं हैं। ईशान किशन भी इस सीरीज के लिए उपलब्ध नहीं हैं, जबकि ध्रुव जुरेल को बैकअप विकेटकीपर के तौर पर चुना गया है।
मिडिल ऑर्डर में भी कुछ स्थान खाली हैं। श्रेयस अय्यर और अक्षर पटेल की गैरमौजूदगी के बीच पंत को टीम में शामिल किए जाने की उम्मीद थी। इसके बावजूद चयनकर्ताओं ने उन्हें मौका नहीं दिया।
जुरेल के चयन ने यह संकेत जरूर दिया है कि फिलहाल टीम मैनेजमेंट सीमित ओवरों में पंत को अपनी प्राथमिक योजनाओं में नहीं रख रहा है। हालांकि, इसे उनके ODI करियर के आधिकारिक अंत के तौर पर देखना अभी जल्दबाजी होगी।
ODI में पंत का रिकॉर्ड कैसा है?
ऋषभ पंत ने अब तक भारत के लिए 31 ODI मैच खेले हैं। इन मुकाबलों में उन्होंने 33.50 की औसत से 871 रन बनाए हैं। उनके नाम इस फॉर्मेट में एक शतक भी है।
पंत की सबसे यादगार ODI पारियों में 2022 में इंग्लैंड के खिलाफ मैनचेस्टर में खेली गई 125 रन की पारी शामिल है। नंबर-4 पर बल्लेबाजी करते हुए उन्होंने 113 गेंदों में 125 रन बनाए थे। उनकी पारी में 16 चौके और दो छक्के शामिल थे और भारत ने उस मुकाबले में जीत दर्ज की थी।
हालांकि, दिसंबर 2022 के बाद पंत को ODI क्रिकेट में निरंतरता से खेलने का अवसर नहीं मिला। दिसंबर 2022 में हुए सड़क हादसे के बाद वह लगभग एक साल तक क्रिकेट से दूर रहे। 2024 IPL में उनकी वापसी हुई, लेकिन उसके बाद भारतीय ODI टीम में उनका नियमित स्थान नहीं बन पाया।
क्या खत्म हो गया पंत का ODI करियर?
फिलहाल ऐसा कहना सही नहीं होगा कि ऋषभ पंत का ODI करियर खत्म हो चुका है। वह अभी 28 वर्ष के हैं और उनके पास अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी के लिए काफी समय है।
हालांकि, मौजूदा परिस्थितियां उनके लिए चुनौतीपूर्ण जरूर हैं। टीम में विकेटकीपर की भूमिका के लिए प्रतिस्पर्धा बढ़ रही है और चयनकर्ताओं ने वेस्टइंडीज के खिलाफ सीरीज में पंत की जगह ध्रुव जुरेल पर भरोसा किया है।
आने वाले समय में पंत की फिटनेस, प्रदर्शन और टीम की जरूरतें उनके ODI भविष्य में अहम भूमिका निभा सकती हैं। फिलहाल इतना जरूर है कि टेस्ट क्रिकेट में भारत के प्रमुख विकेटकीपर-बल्लेबाजों में शामिल पंत को सीमित ओवरों की टीम में अपनी जगह दोबारा बनाने के लिए इंतजार करना होगा।
इसलिए पंत के ODI करियर को खत्म मानना अभी सही नहीं होगा, लेकिन भारतीय वनडे टीम में उनकी वापसी पहले की तुलना में अधिक प्रतिस्पर्धी हो गई है।