मुंबई। महाराष्ट्र की सत्ताधारी महायुति गठबंधन में एक बार फिर अंदरूनी खींचतान सामने आई है। नवी मुंबई में एक सरकारी कार्यक्रम के निमंत्रण पत्र को लेकर बीजेपी और शिंदे गुट के बीच विवाद बढ़ गया।
मामला नवी मुंबई महानगरपालिका की स्वास्थ्य सुविधाओं के उद्घाटन कार्यक्रम से जुड़ा है। आरोप है कि कार्यक्रम के निमंत्रण पत्र से महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और शिवसेना प्रमुख एकनाथ शिंदे का नाम हटा दिया गया, जिसके बाद शिवसेना समर्थकों में नाराजगी फैल गई।
बताया जा रहा है कि कार्यक्रम में बीजेपी नेता और वन मंत्री गणेश नाईक स्वास्थ्य सेवाओं का उद्घाटन करने पहुंचे थे। लेकिन निमंत्रण पत्र में एकनाथ शिंदे का नाम नहीं होने से बड़ी संख्या में शिंदे समर्थक मौके पर पहुंच गए और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
शिवसेना नेता और ठाणे सांसद नरेश म्हस्के ने इस मामले को लेकर आरोप लगाया कि नगर निगम आयुक्त ने उन्हें बताया था कि शुरुआत में राज्य प्रोटोकॉल के अनुसार एकनाथ शिंदे का नाम निमंत्रण पत्र में शामिल था, लेकिन बाद में इसे हटा दिया गया।
वहीं बीजेपी विधायक मंदा म्हात्रे ने भी कार्यक्रम को लेकर नाराजगी जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि बदले गए निमंत्रण पत्र में गलत तरीके से गणेश नाईक को श्रेय दिया गया। विरोध में उन्होंने कार्यक्रम से वॉकआउट कर दिया।
इस पूरे विवाद के बाद महायुति गठबंधन के अंदर एक बार फिर बीजेपी और शिवसेना (शिंदे गुट) के बीच तालमेल को लेकर सवाल उठने लगे हैं। हालांकि दोनों पक्षों की ओर से मामले पर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं।