नई दिल्ली । नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) में केंद्र सरकार ने बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। परीक्षा व्यवस्था और पारदर्शिता को लेकर लगातार उठ रहे सवालों के बीच सरकार ने एजेंसी में दो डायरेक्टर और एक जॉइंट डायरेक्टर की नियुक्ति की है। कार्मिक मंत्रालय ने 27 अगस्त को इन नियुक्तियों से संबंधित अलग-अलग आदेश जारी किए।
रवि कुमार सिंह और प्रसन्ना वेंकटेश बने डायरेक्टर
कार्मिक मंत्रालय के आदेश के अनुसार, 2012 बैच के IPS अधिकारी रवि कुमार सिंह और 2012 बैच के IAS अधिकारी प्रसन्ना वेंकटेश वी को NTA में डायरेक्टर नियुक्त किया गया है।
रवि कुमार सिंह AGMUT कैडर के IPS अधिकारी हैं। UPSC सिविल सेवा परीक्षा के जरिए IPS में चयनित सिंह ने NTA में नियुक्ति से पहले दिल्ली पुलिस की इकोनॉमिक ऑफेंस विंग (EOW) में DCP के पद पर जिम्मेदारी संभाली है। वह सितंबर 2012 में IPS सेवा में शामिल हुए थे।
प्रसन्ना वेंकटेश के पास प्रशासनिक अनुभव
आंध्र प्रदेश कैडर के 2012 बैच के IAS अधिकारी प्रसन्ना वेंकटेश वी के पास विभिन्न प्रशासनिक पदों पर काम करने का अनुभव है। उन्होंने एलुरु के जिला कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट, विजयवाड़ा के म्युनिसिपल कमिश्नर और कुरनूल के जॉइंट कलेक्टर के तौर पर सेवाएं दी हैं।
NTA में नियुक्ति से पहले वह सोशल वेलफेयर डिपार्टमेंट और AP सोशल वेलफेयर रेजिडेंशियल एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस सोसाइटी, गुंटूर में सेक्रेटरी के पद पर कार्यरत थे।
IRS अमित समदरिया को जॉइंट डायरेक्टर की जिम्मेदारी
सरकार ने 2016 बैच के IRS अधिकारी अमित समदरिया को भी NTA में जॉइंट डायरेक्टर नियुक्त किया है। समदरिया इंडियन रेवेन्यू सर्विस (कस्टम्स एवं इनडायरेक्ट टैक्सेस) से जुड़े अधिकारी हैं।
तीन सप्ताह के भीतर संभालना होगा पदभार
तीनों अधिकारियों को नियुक्ति आदेश जारी होने के तीन सप्ताह के भीतर नई जिम्मेदारी संभालनी होगी। निर्धारित समय सीमा में पदभार ग्रहण नहीं करने की स्थिति में सेंट्रल स्टाफिंग स्कीम के तहत डिबारमेंट की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है।
NTA में यह प्रशासनिक बदलाव ऐसे समय हुआ है, जब एजेंसी की परीक्षा प्रणाली, पारदर्शिता और संचालन को लेकर लगातार सवाल उठते रहे हैं। ऐसे में इन नियुक्तियों को परीक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और प्रशासनिक कार्यप्रणाली में सुधार की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।