वॉशिंगटन। अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और उनकी पत्नी ऊषा वेंस एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय सुर्खियों में हैं। हालिया बयानबाजी के बाद धर्म, पहचान और राजनीतिक टिप्पणियों को लेकर एक नया विवाद खड़ा हो गया है।
‘हिंदू धर्म से संतुष्ट हूं’—ऊषा वेंस का बयान
भारतीय मूल की ऊषा वेंस ने एक इंटरव्यू में साफ कहा है कि वह एक स्थिर हिंदू परिवार में पली-बढ़ी हैं और उन्हें किसी अन्य धर्म को अपनाने की आवश्यकता महसूस नहीं होती।
उन्होंने कहा, “मुझे कुछ अलग तलाशने की जरूरत नहीं लगी, मैं अपने हिंदू धर्म से खुश हूं।”
जेडी वेंस के बयान से बढ़ा विवाद
इससे पहले उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के एक बयान ने विवाद खड़ा कर दिया था, जिसमें उन्होंने कथित तौर पर कहा था कि वह चाहते हैं कि उनकी पत्नी भविष्य में ईसाई धर्म अपनाएं। इस टिप्पणी को लेकर अमेरिका में और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आलोचना देखने को मिली।
वेंस ने यह भी संकेत दिया था कि वह अपने बच्चों को चर्च ले जाने के पक्ष में हैं, जिससे धार्मिक स्वतंत्रता को लेकर बहस और तेज हो गई।
पाकिस्तान और असीम मुनीर पर टिप्पणी भी चर्चा में
वेंस हाल ही में स्विट्जरलैंड में हुई अमेरिका-ईरान वार्ता के दौरान पाकिस्तान और उसके सेना प्रमुख असीम मुनीर को लेकर दिए गए बयानों के कारण भी सुर्खियों में रहे। उनके बयानों को लेकर अमेरिकी राजनीतिक हलकों में मिश्रित प्रतिक्रिया देखने को मिली।
राजनीतिक और सामाजिक बहस तेज
इस पूरे विवाद ने अमेरिका में धर्म, व्यक्तिगत स्वतंत्रता और राजनीतिक नेताओं की निजी टिप्पणियों की सीमाओं को लेकर नई बहस छेड़ दी है।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे बयान न केवल व्यक्तिगत संबंधों को चर्चा में लाते हैं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय राजनीति में भी अनचाहे विवाद पैदा करते हैं।
आगे क्या?
फिलहाल जेडी वेंस या उनके कार्यालय की ओर से इस नए विवाद पर कोई विस्तृत स्पष्टीकरण नहीं दिया गया है, लेकिन मामला अमेरिकी मीडिया और सोशल प्लेटफॉर्म्स पर लगातार चर्चा में बना हुआ है।