कवर्धा । छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक विजय शर्मा ने नवरात्रि के अवसर पर कबीरधाम जिले के विभिन्न देवी मंदिरों में पहुंचकर पूजा-अर्चना की। उन्होंने कवर्धा स्थित प्रसिद्ध मां महामाया मंदिर और मां विंध्यवासिनी मंदिर में दर्शन कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि, खुशहाली और कल्याण की कामना की। इस दौरान उन्होंने मां विंध्यवासिनी मंदिर परिसर में निर्माणाधीन ज्योति कलश भवन का निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की प्रगति की जानकारी भी ली।
मां महामाया मंदिर में की विधिवत पूजा-अर्चना
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने नवरात्रि के अवसर पर सबसे पहले कवर्धा स्थित मां महामाया मंदिर पहुंचकर माता रानी के दर्शन किए और विधिवत पूजा-अर्चना की। उन्होंने प्रदेश की सुख-शांति, समृद्धि और खुशहाली के लिए प्रार्थना की।
इसके बाद वे मां विंध्यवासिनी मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने माता के दर्शन कर आशीर्वाद लिया। इस दौरान उन्होंने छत्तीसगढ़ सहित कबीरधाम जिले की निरंतर प्रगति और क्षेत्रवासियों के कल्याण की कामना की।
ज्योति कलश भवन के निर्माण कार्यों का लिया जायजा
मां विंध्यवासिनी मंदिर में दर्शन के बाद उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने मंदिर परिसर में निर्माणाधीन ज्योति कलश भवन का निरीक्षण किया। उन्होंने भवन निर्माण से जुड़ी व्यवस्थाओं का अवलोकन किया और निर्माण कार्यों की प्रगति के संबंध में जानकारी ली।
ज्योति कलश भवन के निर्माण से मंदिर परिसर में धार्मिक आयोजनों के संचालन और श्रद्धालुओं की सुविधाओं के विस्तार में मदद मिलने की उम्मीद है। नवरात्रि जैसे विशेष अवसरों पर मंदिरों में श्रद्धालुओं की बढ़ती आवाजाही को देखते हुए इस तरह की सुविधाएं महत्वपूर्ण मानी जाती हैं।
छिरपानी कॉलोनी के मां दुर्गा पंडाल में भी पहुंचे
उप मुख्यमंत्री ने कवर्धा की छिरपानी कॉलोनी स्थित मां दुर्गा पंडाल पहुंचकर भी माता रानी के दर्शन किए और पूजा-अर्चना की। उन्होंने क्षेत्रवासियों की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की। इस दौरान उन्होंने वहां मौजूद श्रद्धालुओं से मुलाकात भी की।
नवरात्रि में धार्मिक स्थलों पर उमड़ रही श्रद्धा
नवरात्रि के दौरान कबीरधाम जिले के देवी मंदिरों और दुर्गा पंडालों में भक्तिमय माहौल बना हुआ है। श्रद्धालु माता रानी की पूजा-अर्चना कर परिवार और समाज की सुख-शांति तथा समृद्धि की कामना कर रहे हैं।
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा के इस दौरे में धार्मिक स्थलों पर दर्शन के साथ मंदिर परिसर में चल रहे निर्माण कार्यों का जायजा लेना भी शामिल रहा। ज्योति कलश भवन के निर्माण से भविष्य में श्रद्धालुओं और धार्मिक आयोजनों के लिए सुविधाओं में विस्तार होने की उम्मीद है।