नई दिल्ली | साल 2026 का दिसंबर महीना बॉक्स ऑफिस पर इतिहास रचने के लिए पूरी तरह तैयार है। इस महीने के आखिर में सिनेमाघरों में दुनिया भर की सबसे बड़ी फिल्मों के बीच महामुकाबला देखने को मिलेगा। शाहरुख खान (Shah Rukh Khan) की बहुप्रतीक्षित फिल्म ‘किंग’ (King) का मुकाबला हॉलीवुड की दिग्गज फिल्मों जैसे ‘एवेंजर्स: डूम्सडे’ (Avengers: Doomsday), ‘ड्यून 3’ (Dune Part Three) और ‘जुमानजी 4’ (Jumanji 4) से होने वाला है। इतनी बड़ी फिल्मों के एक साथ बॉक्स ऑफिस पर उतरने से स्क्रीन शेयरिंग को लेकर तमाम तरह की चर्चाएं हैं, लेकिन सिनेमाघर मालिकों और एग्जीबिटर्स का मानना है कि यह किसी संकट से ज्यादा एक ‘अच्छी समस्या’ है।
रिलीज शेड्यूल और फिल्मों की टक्कर
दिसंबर के तीसरे और चौथे हफ्ते में बॉक्स ऑफिस पर फिल्मों की बाढ़ आने वाली है:
18 दिसंबर 2026: हॉलीवुड की मेगा बजट फिल्में ‘एवेंजर्स: डूम्सडे’ और ‘ड्यून 3’ सिनेमाघरों में दस्तक देंगी।
24 दिसंबर 2026: बॉलीवुड के सुपरस्टार शाहरुख खान की एक्शन से भरपूर फिल्म ‘किंग’ रिलीज होगी।
25 दिसंबर 2026: क्रिसमस के मौके पर ‘जुमानजी 4’ भी इसी रेース में शामिल हो जाएगी।
इन सभी फिल्मों की भारत और वैश्विक बाजार में भारी डिमांड को देखते हुए यह तय है कि खासकर सिंगल स्क्रीन सिनेमाघरों में स्क्रीन बांटने को लेकर कड़ी खींचतान देखने को मिलेगी।
एग्जीबिटर्स और मेकर्स का नजरिया
पीवीआर-आयनॉक्स पिक्चर्स लिमिटेड के सीईओ कमल ज्ञानचंदानी ने इस क्लैश पर खुलकर बात करते हुए इसे सकारात्मक रूप से लिया है। उनका कहना है कि एक ही हफ्ते में दो या तीन बड़ी फिल्मों के आने से भले ही मैनेजमेंट का काम बढ़ जाता है, लेकिन भारतीय सिनेमाघरों की क्षमता अब इतनी बड़ी हो चुकी है कि वे इस तरह के बड़े दबाव और फेस्टिव रश को आसानी से संभाल सकते हैं।
वहीं, दूसरी ओर शाहरुख खान ने भी हाल ही में एक सोशल मीडिया सेशन के दौरान इस चारतरफा क्लैश पर मजाकिया अंदाज में प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि उनकी फिल्म इस सैंडविच में एक ‘स्वादिष्ट टिक्का’ की तरह है, जिसे दर्शक खूब पसंद करेंगे। यही वजह है कि मेकर्स ने ‘किंग’ की रिलीज डेट में कोई बदलाव नहीं किया है।
क्या कहते हैं आंकड़े?
विशेषज्ञों का मानना है कि हॉलीवुड की इन फ्रेंचाइजी फिल्मों का अपना एक वफादार दर्शक वर्ग है, लेकिन भारत के घरेलू मार्केट में शाहरुख खान की स्टार पावर का पलड़ा हमेशा भारी रहता है। हालांकि, स्क्रीन शेयरिंग को लेकर सिंगल स्क्रीन और मल्टीप्लेक्स मालिकों को रणनीति बनानी होगी, ताकि हर फिल्म को सही स्पेस मिल सके।