गौरेला-पेंड्रा-मरवाही । दीपावली पर्व के मद्देनजर जिले में आम नागरिकों को शुद्ध, सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने सघन जांच अभियान शुरू किया है। अभियान के तहत जिले के विभिन्न खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर मिठाइयों एवं अन्य खाद्य पदार्थों के कुल 26 नमूने संकलित किए गए हैं। इन नमूनों को परीक्षण के लिए खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला रायपुर भेजा गया है।
खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से चलाए जा रहे इस अभियान में मिठाई दुकानों, डेयरी और होटल-रेस्टोरेंट की जांच की जा रही है। निरीक्षण के दौरान पेंड्रा स्थित स्वीट इंडियन रेस्टोरेंट से बर्फी एवं सेव के नमूने लिए गए। वहीं, गौरेला के ओम साई डेयरी से पनीर एवं खोवा तथा कान्हा स्वीट्स से मिल्क केक एवं खोवा के नमूने संकलित किए गए।
इसी तरह मरवाही स्थित भुवन होटल से बूंदी एवं बर्फी के नमूने लिए गए। इसके अतिरिक्त जिले के अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों से पेड़ा, बेसन लड्डू, गजक, रजवाड़ी चिक्की सहित विभिन्न खाद्य पदार्थों के नमूने भी जांच के लिए एकत्र किए गए हैं।
भुवन होटल का खाद्य पंजीयन निरस्त, संचालन बंद कराया
जांच अभियान के दौरान 2 नवंबर को मरवाही स्थित भुवन होटल के परिसर में अत्यधिक अस्वच्छता पाई गई। खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने होटल का खाद्य पंजीयन निरस्त कर दिया तथा आवश्यक सुधार होने तक प्रतिष्ठान का संचालन बंद करा दिया।
निरीक्षण के दौरान होटल परिसर में अस्वच्छ परिस्थितियों में रखी गई जलेबी को भी नष्ट कराया गया, ताकि दूषित खाद्य सामग्री आम लोगों तक नहीं पहुंचे।
इसके अलावा जांच के दौरान कमियां पाए जाने पर जिले के दो अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों को आवश्यक सुधार करने के लिए नोटिस जारी किया गया है।
त्योहारी सीजन में लगातार जारी रहेगी जांच
खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा दीपावली के मद्देनजर जिलेभर में खाद्य प्रतिष्ठानों की सघन जांच की जा रही है। विशेष रूप से मिठाइयों, डेयरी उत्पादों और अन्य खाद्य सामग्रियों की गुणवत्ता एवं स्वच्छता पर ध्यान दिया जा रहा है।
प्रयोगशाला से प्राप्त होने वाली जांच रिपोर्ट के आधार पर खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता के संबंध में आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का उद्देश्य त्योहारी मौसम में मिलावटी, दूषित और असुरक्षित खाद्य सामग्री की बिक्री पर रोक लगाना तथा आम नागरिकों के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
प्रशासन ने खाद्य कारोबारियों से खाद्य सुरक्षा एवं स्वच्छता संबंधी नियमों का पालन करने और उपभोक्ताओं को गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने की अपेक्षा की है।