रायपुर | सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) में पदस्थ उप सचिव अंशिका पांडेय के स्थानांतरण की मांग को लेकर छत्तीसगढ़ मंत्रालयीन कर्मचारी संघ ने शासन को 15 दिनों का अल्टीमेटम दिया है। संघ ने चेतावनी दी है कि तय समय में मांग पूरी नहीं होने पर लोकतांत्रिक और वैधानिक तरीके से आंदोलन शुरू किया जाएगा।
मंत्रालयीन कर्मचारी संघ के अध्यक्ष चन्द्रकांत पाण्डेय ने सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव को स्मरण-पत्र सौंपते हुए स्थानांतरण की मांग दोहराई है। संघ का कहना है कि अंशिका पाण्डेय पिछले पांच वर्षों से अधिक समय से मंत्रालय (महानदी भवन) में पदस्थ हैं।
संघ ने दावा किया है कि लंबे समय तक एक ही स्थान पर पदस्थ रहने से बचने के लिए सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी स्थानांतरण संबंधी दिशा-निर्देशों की भावना के अनुरूप कार्रवाई होनी चाहिए।
पहले भी सौंपा गया था ज्ञापन
संघ के अनुसार, इस मामले को लेकर 23 जून को मुख्य सचिव को भी विस्तृत ज्ञापन सौंपा गया था। इसमें विभिन्न तथ्यों और दस्तावेजों के आधार पर उप सचिव के स्थानांतरण की मांग की गई थी। संघ का कहना है कि एक महीने से अधिक समय बीतने के बाद भी इस संबंध में कोई निर्णय नहीं लिया गया, जिससे कर्मचारियों में नाराजगी बढ़ रही है।
आंदोलन की चेतावनी
संघ ने अपने स्मरण-पत्र में कहा है कि मंत्रालय में पारदर्शी, निष्पक्ष और जवाबदेह प्रशासन सुनिश्चित करना शासन की जिम्मेदारी है। संघ का मानना है कि स्थानांतरण नीति का समान रूप से पालन होने से प्रशासनिक व्यवस्था में विश्वास मजबूत होगा।
कर्मचारी संघ ने कहा है कि यदि 15 दिनों के भीतर इस मामले में सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो चरणबद्ध आंदोलन की घोषणा की जाएगी। संघ ने कहा कि आंदोलन की स्थिति में उत्पन्न होने वाली प्रशासनिक परिस्थितियों की जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।