गरियाबंद। छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले के फिंगेश्वर में भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) ने सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के समर्थन में प्रदर्शन किया। संगठन के कार्यकर्ताओं ने मानव श्रृंखला बनाकर अपनी मांगों को लेकर आवाज उठाई और राष्ट्रपति के नाम तहसीलदार फिंगेश्वर को ज्ञापन सौंपा।
प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार से मामले में तत्काल संज्ञान लेने की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि सोनम वांगचुक के लोकतांत्रिक आंदोलन को दबाने का प्रयास किया गया, जो लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है।
NEET पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था पर उठाए सवाल
भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं ने नीट सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था में कथित भ्रष्टाचार को लेकर भी विरोध जताया।
उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक आधार पर इस्तीफे की मांग की। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता की कमी से छात्रों के भविष्य पर गंभीर असर पड़ रहा है।
शिक्षा के बाजारीकरण का किया विरोध
किसान यूनियन ने कहा कि शिक्षा का बढ़ता बाजारीकरण छात्रों और देश के हितों के लिए चिंता का विषय है। संगठन ने शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन करते हुए सरकार से शिक्षा व्यवस्था में सुधार और छात्रों के हितों की रक्षा करने की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में किसान यूनियन के कार्यकर्ता मौजूद रहे और उन्होंने अपनी मांगों को लेकर राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा।