पश्चिम बंगाल | पश्चिम बंगाल में फरार चल रहे तृणमूल कांग्रेस (TMC) नेता जहांगीर खान को राज्य पुलिस की STF टीम ने नेपाल बॉर्डर के पास से गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद उन्हें जांच के लिए फाल्टा ले जाया गया, जहां पुलिस द्वारा कराई गई पैदल परेड का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है।
वीडियो में जहांगीर खान को हाफ पैंट और टी-शर्ट में पुलिस सुरक्षा के बीच पैदल ले जाते हुए देखा गया। बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई जांच प्रक्रिया के तहत की गई, हालांकि इस दृश्य को लेकर राजनीतिक हलकों और सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं।
चुनावी विवादों से जुड़ा लंबा मामला
जहांगीर खान पर कई गंभीर आरोप दर्ज हैं, जिनमें दक्षिण 24 परगना क्षेत्र में चुनावी प्रक्रिया के दौरान EVM से छेड़छाड़, विपक्षी उम्मीदवारों के नाम ढकने और मतदाताओं को कथित रूप से डराने-धमकाने जैसे मामले शामिल हैं। इनके खिलाफ फाल्टा पुलिस स्टेशन में करीब सात FIR दर्ज बताई जाती हैं।
इन घटनाओं के बाद भारत निर्वाचन आयोग ने फलता विधानसभा क्षेत्र के कई बूथों पर दोबारा मतदान (रीपोल) का आदेश दिया था। आयोग ने यह फैसला “गंभीर चुनावी अनियमितताओं और लोकतांत्रिक प्रक्रिया को प्रभावित करने” के आधार पर लिया था।
गिरफ्तारी कैसे हुई?
सूत्रों के अनुसार, जहांगीर खान लंबे समय से फरार थे और लगातार लोकेशन बदल रहे थे। कलकत्ता हाई कोर्ट द्वारा उन्हें मिली अंतरिम राहत वापस लेने के बाद पुलिस ने अभियान तेज किया और अंततः उन्हें नेपाल सीमा के पास पकड़ लिया गया।
उनकी गिरफ्तारी के बाद पुलिस जांच आगे बढ़ा रही है और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है।
राजनीतिक विवाद तेज
इस घटना के बाद राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। विपक्ष ने इसे कानून-व्यवस्था से जोड़कर सवाल उठाए हैं, जबकि सत्ताधारी TMC की ओर से अब तक आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
घटना के वायरल वीडियो ने सोशल मीडिया पर बहस छेड़ दी है, जहां इसे लेकर अलग-अलग तरह की प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं।