पटना | पटना में सरकारी आवास विवाद को लेकर बिहार की राजनीति गरमा गई है। राष्ट्रीय जनता दल (RJD) की नेता और पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को खुली चुनौती देते हुए कहा है कि वे 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी बंगला खाली नहीं करेंगी, चाहे इसके लिए “पूरी फोर्स ही क्यों न बुला ली जाए।”
यह विवाद तब और तेज हो गया जब भवन निर्माण विभाग ने उन्हें 10 सर्कुलर रोड का बंगला खाली करने का एक बार फिर नोटिस जारी किया और बदले में 39 हार्डिंग रोड स्थित आवास आवंटित किया। हालांकि राबड़ी देवी ने अब तक नया आवास स्वीकार नहीं किया है।
पटना एयरपोर्ट पर मीडिया से बातचीत के दौरान राबड़ी देवी ने नाराजगी जताते हुए कहा कि सरकार चाहे जितनी ताकत लगा ले, वे बंगला खाली नहीं करेंगी। इस दौरान उन्होंने पत्रकारों के माइक्रोफोन भी झटक दिए, जिससे माहौल और तनावपूर्ण हो गया।
सरकारी दस्तावेजों के अनुसार, यह बंगला पहले उच्चस्तरीय राजनीतिक आवास रहा है, जहां लंबे समय तक बिहार की राजनीति के अहम फैसले लिए जाते रहे हैं। वर्तमान में राज्य सरकार का कहना है कि यह आवास अब अन्य मंत्री को आवंटित किया जा चुका है।
इस पूरे मामले पर सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों तरफ से तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं। राजद ने इसे राजनीतिक प्रतिशोध बताया है, जबकि भाजपा ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) शासन में सभी को नियमों का पालन करना होगा और कोई भी कानून से ऊपर नहीं है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह मामला सिर्फ आवास विवाद नहीं, बल्कि बिहार की सत्ता राजनीति में एक नए टकराव का संकेत भी है, जो आने वाले दिनों में और तेज हो सकता है।