कोलकाता। पश्चिम बंगाल के सोनारपुर में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के वरिष्ठ नेता और सांसद अभिषेक बनर्जी पर कथित हमला किए जाने का मामला सामने आया है। चुनाव बाद हिंसा से प्रभावित परिवारों से मिलने पहुंचे अभिषेक को स्थानीय लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। इस दौरान उनके खिलाफ ‘चोर-चोर’ के नारे लगाए गए और उन पर अंडे व पत्थर फेंके गए। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस और सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें हेल्मेट पहनाकर सुरक्षित बाहर निकाला।
घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें अभिषेक बनर्जी को भीड़ के बीच से निकालने की कोशिश की जा रही है। बताया जा रहा है कि भारी विरोध और धक्का-मुक्की के कारण उन्हें पहले बाइक पर बैठाकर निकालने का प्रयास किया गया, लेकिन भीड़ के दबाव के चलते उन्हें पैदल आगे बढ़ना पड़ा।
हमले के बाद अभिषेक बनर्जी ने आरोप लगाया कि यह पूरी घटना भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा सुनियोजित तरीके से अंजाम दी गई। उन्होंने कहा कि उन्हें जान से मारने की कोशिश की गई और उनके कपड़े फाड़ दिए गए, जबकि चश्मा भी टूट गया। उन्होंने दावा किया कि यदि उन्होंने हेल्मेट नहीं पहना होता तो गंभीर चोट लग सकती थी।
अभिषेक ने पुलिस पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सोनारपुर दौरे की जानकारी पहले ही पुलिस प्रशासन को ईमेल और फोन के जरिए दी गई थी, लेकिन सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए। उन्होंने आरोप लगाया कि घटना के दौरान पुलिस मौके पर नजर नहीं आई।
टीएमसी नेता ने कहा कि वह इस मामले को अदालत और राज्यपाल के समक्ष उठाएंगे। उन्होंने दावा किया कि पूरी घटना कैमरे में रिकॉर्ड हुई है और इसके आधार पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही उन्होंने अपने कार्यकर्ताओं से प्रभावित इलाके में लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित कराने के लिए प्रशासन से संपर्क बनाए रखने की अपील की।
घटना के बाद क्षेत्र में राजनीतिक माहौल और गर्मा गया है। टीएमसी ने इसे लोकतांत्रिक मूल्यों पर हमला बताया है, जबकि विपक्ष की ओर से अभी इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।