बिलासपुर। कोरोना टीकाकरण अभियान का नया चरण तीन जनवरी से शुरू हो रहा है। इस चरण में 15 से 18 वर्ष तक के बच्चों को कोवैक्सीन टीके की खुराक लगाई जाएगी। जिले में ऐसे एक लाख 16 हजार 143 किशारों को टीका लगाने की तैयारी तेज हो गई है। जिनका जन्म वर्ष 2007 से पहले हुआ है, उन्हे ही टीका लगाया जाएगा।
कोरोना की संभावित तीसरी लहर से किशारों को बचाने के लिए कोरोना वैक्सीन लगाया जाएगी। टीकाकरण शुरू होने से पहले स्वास्थ्य विभाग टीकाकरण कर्मियों को अलग से प्रशिक्षण भी देगा। मंगलवार को राज्य टीकाकरण अधिकारी डा. वीआर भगत ने वीडियो काफ्रेन्सिंग के माध्यम सभी टीकाकरण अधिकारी, शिक्षा अधिकारी की बैठक ली। इस दौरान बताया गया कि सभी कोरोना टीकाकरण केंद्रों के जरिए ही किशारों का भी टीकाकरण होगा। केंद्र सरकार ने तय किया है कि किशोरों को केवल कोवैक्सीन लगाई जाएगी।
को-वैक्सीन ही क्यों
शासन से किशोरों को केवल कोवैक्सीन की डोज ही लगाने को क्यों कहा है, इस सवाल पर जिला टीकाकरण अधिकारी डा. मनोज सेमुअल ने बताया कि गर्भवती महिलाओं और कोकार्बिट यानी बीमार लोगों को कोवैक्सीन ही लगती है। रिसर्च में ये पता चला है कि कोवैक्सीन वैक्सीन सुटेबल है।
ऐसे में कोवैक्सीन के ही डोज किशोरों को लगाई जाएगी। जिले के वैक्सीन डीपो में कोवैक्सीन की 35 हजार डोज मौजूद हैं। टीकाकरण अधिकारी का कहना है कि जल्दी ही और वैक्सीन आ जाएगी। इससे टीकाकरण निरंतर चलेगा।
शासन से किशोरों को केवल कोवैक्सीन की डोज ही लगाने को क्यों कहा है, इस सवाल पर जिला टीकाकरण अधिकारी डा. मनोज सेमुअल ने बताया कि गर्भवती महिलाओं और कोकार्बिट यानी बीमार लोगों को कोवैक्सीन ही लगती है। रिसर्च में ये पता चला है कि कोवैक्सीन वैक्सीन सुटेबल है।
ऐसे में कोवैक्सीन के ही डोज किशोरों को लगाई जाएगी। जिले के वैक्सीन डीपो में कोवैक्सीन की 35 हजार डोज मौजूद हैं। टीकाकरण अधिकारी का कहना है कि जल्दी ही और वैक्सीन आ जाएगी। इससे टीकाकरण निरंतर चलेगा।