भारत के विकास के लिए गेम-चेंजर साबित होगा वन नेशन वन इलेक्शन : पूर्व प्रेसिडेंट रामनाथ कोविंद

रायपुर। ‘वन नेशन वन इलेक्शन’ (ONOP) पर, ONOP पर बनी जॉइंट पार्लियामेंट्री कमेटी के चेयरमैन और पूर्व प्रेसिडेंट रामनाथ कोविंद कहते हैं, “ONOP पर बनी हाई-लेवल कमेटी ने प्रेसिडेंट को अपनी रिपोर्ट दी थी। उस रिपोर्ट के आधार पर सरकार ने दो बिल तैयार किए, उन्हें 2024 में लोकसभा में पेश किया, और दोनों बिल अभी JPC के पास हैं, जहाँ उनकी जांच हो रही है।

अगर ONOP का यह कॉन्सेप्ट देश में लागू होता है, तो यह भारत के विकास के लिए गेम-चेंजर साबित होगा। अभी के सिस्टम के हिसाब से, हर साल 4-5 राज्यों में चुनाव होते हैं, और हमारी पूरी एडमिनिस्ट्रेटिव मशीनरी इसमें शामिल होती है। चुनाव की प्रक्रिया में सबसे ज़्यादा नुकसान हमारे एजुकेशन सिस्टम का होता है। सबसे ज़्यादा चुनाव कर्मचारी टीचर होते हैं…”।

यह भी पढ़े

वन नेशन, वन इलेक्शन को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है। मीडिया खबरों के मुताबिक विधि आयोग ने मसौदा विधेयक पर विचार कर रही संयुक्त संसदीय समिति से कहा है कि एक साथ चुनाव कराने की खातिर कानूनी ढांचा तैयार करने वाले संविधान संशोधन विधेयक को लागू करने के लिए कम से कम 50 प्रतिशत राज्य विधानसभाओं के अनुमोदन की आवश्यकता नहीं है। संसद की संयुक्त समिति लोकसभा और राज्य विधानसभाओं के चुनाव एक साथ कराने संबंधी विधेयकों पर विचार कर रही है।

विधि आयोग ने 28 नवंबर को संयुक्त समिति को दी गई संक्षिप्त राय में कहा कि यह विधेयक कानून बनाने के संसद के अधिकार के अंतर्गत आता है, जिसके लिए राज्यों के अनुमोदन की आवश्यकता नहीं है। इससे पहले अक्टूबर में विधि आयोग ने संसदीय समिति को विस्तृत राय दी थी। यह नया दस्तावेज़ संसदीय समिति को गुरुवार को होने वाली बैठक से पहले दिया गया।

शेयर करें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *