किस दिशा में जा रही है होलिका की अग्नि, उससे मिलता है शुभ-अशुभ का संकेत

रायपुर। होलिका दहन के बाद आकाश में जाने वाली अग्नि किस दिशा में जा रही है, इसका ज्योतिष शास्त्र में खासा महत्व है। जिस दिशा में अग्नि जाए उससे अनुमान लगाया जाता है कि उसका क्या शुभ और क्या अशुभ प्रभाव पड़ेगा। राज्य में सुख, शांति छाएगी या विपदा आएगी।

सभी गली-मोहल्लों में किया जाता है, लेकिन ज्यादातर लोग होलिका दहन की धार्मिक मान्यता के बारे में केवल इतना ही जानते हैं कि कभी अग्नि से न जलने वाली होलिका, अपने भाई के आदेश पर भाई के पुत्र भक्त प्रहलाद को गोद में लेकर बैठी।

बुआ होलिका को वरदान प्राप्त था कि अग्नि उसका कुछ नहीं बिगाड़ सकती। इसके विपरीत भगवान विष्णु की कृपा से भक्त प्रहलाद जीवित रहे और होलिका जल गई। इस मान्यता के अलावा ज्योतिष में होलिका की अग्नि की दिशाओं के बारे में बताया गया है। सभी दिशाओं का अपना-अपना महत्व और अशुभ प्रभाव है।

पूर्व दिशा में हवा चले तो शुभदायी

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार होलिका दहन के बाद यदि हवा पूर्व दिशा की ओर चले यानी अग्नि की लौ पूर्व दिशा की ओर जाती नजर आए तो यह राज्य, शहर की प्रगति का संकेत है। सुख, समृद्धि बढ़ती है। राज्य के राजा का प्रभाव बढ़ता है। पूर्व दिशा में चलने वाली हवा और अग्नि का प्रभाव शुभदायी है। ज्योतिष शास्त्र में पूर्व दिशा को भगवान का घर माना जाता है। सूर्यदेव पूर्व से ही उदय होते हैं, इसलिए पूर्व दिशा से लाभ होता है।

क्षिण दिशा में अग्नि वायु से नुकसान

इसी तरह होलिका की अग्नि दक्षिण दिशा में जाती नजर आए तो यह शुभ नहीं माना जाता। यदि ऐसा हो तो कृषि क्षेत्रों में नुकसान की संभावना और महंगाई बढ़ने का संकेत है। सत्ता पक्ष के नेताओं में मतभेद पैदा होते हैं, सरकार के उलट पुलट की साजिश रची जाती है। प्रशासन तंत्र से जनता दुखी होती है।

उत्तर दिशा प्रगति का सूचक

होलिका दहन की अग्नि यदि यदि उत्तर दिशा में प्रवाहित होती दिखाई दे, यानी तेजी से अग्नि वायु उत्तर दिशा में चले तो यह संकेत उत्तम माना जाता है। धर्मग्रंथों में उत्तर दिशा को धन के देवता कुबेर का मार्ग कहा गया है। यह दिशा राज्य, शहर, देश की प्रगति का सूचक है। सुख, समृद्धि का वास होता है।

पश्चिम दिशा की अग्नि से फसल हानि

होलिका दहन की अग्नि यदि पश्चिम दिशा की ओर चले तो यह किसानों के हित में नहीं माना जाता। फसल पकने के बाद अति वर्षा, आगजनी से नुकसान होना माना जाता है।

धुआं से सत्ता परिवर्तन

होलिका दहन की अग्नि का धुआं यदि आकाश में उपर ही उपर जाता दिखाई दे तो माना जाता है कि उस राज्य, शहर की राजनीतिक स्थितियाें में परिवर्तन होगा।

शेयर करें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *