बिलासपुर। युवा कांग्रेस के जिला उपाध्यक्ष गोलू चौहान साइबर ठगी का शिकार हो गए। बुधवार की रात उनके व्हाट्सएप पर आरटीओ चालान के नाम से एक फर्जी मैसेज आया, जिसमें एक APK फाइल संलग्न थी। चालान समझकर उन्होंने फाइल डाउनलोड कर ली। फाइल डाउनलोड करने के बाद जब उन्होंने उसे ओपन किया तो वह नहीं खुली। इसके बाद वे सो गए। सुबह जब वे जागे तो उनके मोबाइल पर बैंक खाते से कई ट्रांजेक्शन के मैसेज आए।
खाते की जांच करने पर पता चला कि जालसाजों ने 30 हजार रुपये निकाल लिए हैं। मोबाइल पर लगातार आए ट्रांजेक्शन अलर्ट देखकर गोलू चौहान की तबीयत बिगड़ गई। उन्होंने तत्काल साइबर क्राइम पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज कराई। साथ ही मोबाइल को रिसेट कर संदिग्ध फाइल को डिलीट कराया।
साइबर विशेषज्ञों के अनुसार जालसाज पीएम आवास योजना, किसान सम्मान योजना सहित कई सरकारी योजनाओं के नाम से APK फाइल भेज रहे हैं। इसके अलावा ऑनलाइन चालान और शादी के कार्ड के नाम पर भी इस तरह की फाइलें भेजी जा रही हैं। फाइल डाउनलोड करते ही मोबाइल का पूरा कंट्रोल जालसाजों के हाथ में चला जाता है। मोबाइल पर आए किसी भी अनजान APK फाइल को डाउनलोड करने से बचें। यदि गलती से डाउनलोड हो जाए तो इंस्टॉल न करें। तुरंत मोबाइल सेटिंग्स में जाकर संदिग्ध ऐप और फाइल डिलीट करें और जानकार से मोबाइल का फैक्ट्री रिसेट कराएं।