किरंदुल. प्रति वर्ष 8 मार्च को एनएमडीसी परियोजना एवं अनेक संगठनों द्वारा किरंदुल में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस भव्य रूप में मनाया जाता है तथा परियोजना के महिला सेल द्वारा भी महिलाओं के उत्पीड़न, जागरूकता सम्बन्धी कार्यक्रम वर्ष भर आयोजित किये जाते हैं। उसी परियोजना में कार्मिक विभाग में कार्यरत कनिष्ठ सहायक डी बाबू द्वारा एक विधवा ठेका श्रमिक का शारीरिक शोषण करने एवं धमकी आदि का प्रकरण संज्ञान में आया है। इस संदर्भ में पीड़िता द्वारा किरंदुल पुलिस थाने में मामला दर्ज कराया गया है, जिस पर भारतीय दंड संहिता की धारा 294, 323, 506 एवं 376(2) के तहत प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना की जा रही है। सवाल यह उठता है कि महिलाओं के अधिकार, जागरूकता सम्बन्धी अनेक कार्यक्रम कराने वाली परियोजना एवं नगर के अनेक संगठन जो महिला दिवस पर बड़े बड़े आयोजन कर महिलाओं को अधिकार दिलाने की बातें करते हैं क्या वे एक विधवा श्रमिक महिला को न्याय दिलाने में सहयोग करेंगे?
एनएमडीसी कर्मचारी डी बाबू के विरुद्ध एक महिला द्वारा शिकायत की गई थी, जिस पर प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है – डी के बरुआ, थाना प्रभारी, किरंदुल