अल्ट्राटेक सीमेन्ट बैकुण्ठ की महिलाओं द्वारा अपने कालोनी परिसर में यह कार्यक्रम धूमधाम से मनाया गया इसमें सर्वप्रथम गुड्डा गुड्डी का विवाह शुभ मुर्हुत पर रीति रिवाज से समपन्न किया गया आज अक्षय तृतीय (अक्ति)के शुभ अवसर पर रश्म निभाते हुए गुड्डा-गुड़िया यानी कि राम-सीता की अल्ट्राटेक सीमेन्ट बैकुण्ठ की महिलाओं द्वारा रचाई गई…गुड्डा गुड़ियों की विवाह में विधि विधान के साथ पूजा अर्चना की गई…और शादी की रश्म अदा की गई…जहां पर बच्चों ने अक्ति में आयोजित गुड्डा गुड़ियों के विवाह में खूब धमाल मचाते दिखाई दिए…आपको बता दें कि बिना पंचांग देखे जिस मुहूर्त में सभी तरह के संस्कार संपन्न किए जा सकते हैं, उसे ही अक्षय तृतीया कहा जाता है…इस महामुहूर्त को छत्तीसगढ़ में ‘अक्ती’ के रूप में भी जाना जाता है…इस पर्व का हिंदू रीति रिवाज में बड़ा ही महत्त्व है…

इस दिन माता-पिता अपने विवाह योग्य संतानों का विवाह पंडितों, पुजारियों से बिना पूछे ही तय कर लेते है इस कार्यक्रम को सम्पन्न करने में मुख्य भूमिका अन्जू साहू। डाँ दीपा बघेल। मधु चन्दाकर। झमित साहू। गमिता चन्दवंशी। नीतू मिश्रा। जयश्री कश्यप। प्रभा वर्मा। मिथलेश वर्मा। तोशी चौधरी- किरण साहू रीता चौबे -गायत्री यदु एवम अन्य महिलाओ एवम उनके समस्त परिवार द्वारा बडी धूम धाम से सम्पन्न कराया गया -अक्षय तृतीया को छत्तीसगढ़ में अक्ती के नाम से भी जाना जाता है। मंगलवार को शहर व आसपास के क्षेत्रों में बच्चों में इस पर्व को लेकर विशेष उत्साह देखने को मिला। जगह-जगह गाजे-बाजे के साथ गुड्डे-गुड़ियों का विवाह कराया गया