छत्तीसगढ़ में अखंड नवधा रामायण के आयोजन से हो रहा धार्मिक वातावरण का निर्माण- अमित राठौर विधायक प्रतिनिधि जनपद शक्ति
सक्ति-छत्तीसगढ़ प्रदेश के प्रत्येक गांव- गांव में दशकों से अखंड नवधा रामायण के आयोजन की परंपरा से जहां धार्मिक वातावरण का निर्माण हो रहा है, तो वही आज अखंड नवधा रामायण के आयोजन में लोग उत्साह के साथ कथा का श्रवण भी कर रहे हैं, उक्तआशय की बातें पूर्व जिला पंचायत सदस्य, वरिष्ठ कांग्रेस नेता एवं जनपद पंचायत शक्ति में विधायक प्रतिनिधि अमित राठौर ने शक्ति विकासखंड के झूमरपारा में चल रहे अखंड नवधा रामायण कार्यक्रम में कहीं
इस दौरान विधायक प्रतिनिधि अमित राठौर ने कहा कि आज छत्तीसगढ़ प्रदेश में भी मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भगवान श्री रामचंद्र जी के छत्तीसगढ़ से जुड़े पुरातन काल के इतिहास को जन जन तक पहुंचाने एवं आज की वर्तमान पीढ़ी को भी इससे अवगत कराने की दिशा में सकारात्मक पहल की है, प्रदेश में जहां राम गमन वन मार्ग सहित जांजगीर-चांपा जिले के प्रसिद्ध शबरी की नगरी शिवरीनारायण को भी भव्य धार्मिक एवं पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जा रहा है, तो वहीं राज्य की सरकार भी धार्मिक क्षेत्र में सकारात्मक पहल कर रही है, पूर्व जिला पंचायत सदस्य अमित राठौर ने कहा कि आज हम सभी का सौभाग्य है कि हम सभी भगवान श्री रामचंद्र जी के जीवन से प्रेरणा लेकर उसे आत्मसात कर रहे हैं एवं रामायण की कथा के श्रवण मात्र से ही सभी संकटों का निवारण होता है

अमित राठौर ने कहा कि आज घर- घर में रामायण सुनी जा रही है, अमित राठौर ने इस अवसर पर अखंड नवधा रामायण आयोजन समिति के भी सभी सदस्यों को ऐसे धार्मिक आयोजन के लिए साधुवाद ज्ञापित किया, तथा इस दौरान काफी संख्या में ग्रामवासी एवं अंचल के लोग मौजूद रहे, ग्राम डुमरपारा में भव्य रूप से अखंड नवधा रामायण का आयोजन किया जा रहा है, एवं पूर्व जिला पंचायत सदस्य अमित राठौर के साथ उप जेल शक्ति के अशासकीय संदर्शक राजीव जायसवाल, अजय सिंह, मनोहर राठौर,ज्योतिष राठौर,संतोष केवट, ग्राम पंचायत के सरपंच, साहू जी सहित अन्य लोग मौजूद रहे
उल्लेखित हो की छत्तीसगढ़ प्रदेश के प्रत्येक ग्रामीण इलाकों में एवं शहरी क्षेत्रों में भी अखंड नवधा रामायण का भव्य आयोजन किया जाता है,तथा इस अवसर पर जहां पूरे दिन तक बृहद रूप से आसपास के लोग इस रामायण का श्रवण करते हैं, तो इस अवसर पर विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन एवं मानस मंडलियों द्वारा भी अपनी सुंदर प्रस्तुति दी जाती है, तथा विगत दिनों ही छत्तीसगढ़ प्रदेश के जांजगीर-चांपा जिले के शिवरीनारायण में राज्य सरकार द्वारा प्रदेश स्तरीय मानस मंडली गायन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया था, जिसमें जांजगीर-चांपा जिले के ही मानस मंडली ने प्रथम पुरस्कार के रूप में 500000/- की राशि प्राप्त की थी, तथा राज्य सरकार की भी मंशा प्रदेश में मानस मंडलीयों को प्रोत्साहन देना है