कवर्धा :- जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ जे ने 26 जनवरी (गणतंत्र दिवस ) का पावन पर्व जिला मुख्यालय कवर्धा में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया और प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी जी का प्रदेश के नाम संदेश जिलाध्यक्ष सुनील केशरवानी द्वारा पढा गया ।सन्देश में बताया गया कि 72 साल पहले आज के दिन स्वतंत्र भारत की संवैधानिक सभा ने बाबा साहब डॉक्टर भीमराव अम्बेडकर द्वारा निर्मित संविधान को लागू करने का ऐतिहासिक निर्णय लिया था। अगर कोई मुझसे पूछे कि आपका धर्म क्या है, तो मेरा पहला जवाब यहीं होगा; मेरा धर्म भारत का संविधान है। मैं यह नहीं कहता कि हमारा संविधान सबसे उत्तम है। 72 साल बाद भी इसमें कई विसंगतियाँ है। स्वयं डॉक्टर अम्बेडकर ने संविधानिक सभा की चर्चाओं में इस सम्भावना को अनेकों बार स्वीकार किया है किंतु फ्रांसीसी चिंतक रोस की तरह उन्होंने मानवता की अंतर्निहित अच्छाई पर भरोसा करके इन विसंगतियों को दूर करने की जवाबदारी आने वाली पीढिय़ों को सौंप दी थी। इसका सबसे बड़ा कारण विश्व के सबसे प्राचीन और बहुलवादी भारतीय सभ्यता को बिना बच के एक गणतंत्र में संहिताबद्ध करने की अभूतपूर्व चुनौती थी।
आज हम एक नई लड़ाई का शंखनाद करने जा रहे हैं। छत्तीसगढ़ में जितनी भी सामाजिक और आर्थिक बेड़ियाँ है, उनको तोड़कर हम एक ऐसे राज्य के निर्माण के लिए खुद को प्रतिबद्ध कर रहे हैं जहाँ का हर व्यक्ति सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक रूप से पूरी तरह स्वतंत्र कर बिना किसी भय भेदभाव या अभाव के राष्ट्र और राज्य के विकास में अपना सम्पूर्ण योगदान दे सके। बहुत संक्षेप में आज मैं आपके समक्ष इसका कार्य योजना प्रस्तुत कर रहा हूँ।
कांग्रेस की राज्य सरकार ने प्रदेश के सभी संविदा कर्मचारियों और दैनिक वेतन भोगियों को नियमितिकरण और संविलियन का आश्वासन दिया था। 3 साल से अधिक समय बीत चुका है किंतु अनियमित या संविदा कर्मचारियों को न तो समान वेतन, न समान मेडिकल और न ही समान पेन्शन का लाभ मिल पा रहा है। इसमें विशेष रूप से पंचायत सचिव, रोजगार सहायक, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, मितानिन, विकलांग मितान, गौसेवक, प्रेरक, जनभागीदारी शिक्षक, NHRM कार्यकर्ता, सफाई कर्मचारी, अतिथि शिक्षक और व्याख्याता, और 8 साल से अधिक विभिन्न सरकारी उपक्रमों में कार्यरत दैनिक वेतन भोगी सम्मिलित हैं। नियमितिकरण के बाद सबको 2004 से पूर्व (ओल्ड) पेन्शन स्कीम का लाभ मिलना चाहिए। 2004 के बाद लागू न्यू पेन्शन स्क्रीन को प्रदेश स्तर पर प्रतिबंधित कर दिया जाना चाहिए। सरकार पूर्ण शराब बंदी लागू करने के अपने वादे से मुकर चुकी है। 3 वर्षों में 21 लाख प्रधान मंत्री ग्रामीण आवास का कार्य का पड़ा है।
जिलाध्यक्ष सुनील केशरवानी ने कहा कि हम यहां 73 वा गणतंत्र दिवस मनाने उपस्थित हुए प्यारे साथियों हमारा सबसे बड़े पर्व का आप सभी को हार्दिक बधाई एवम शुभकामनाए आशा ही नही पूरा विस्वास है कि हमारे पूर्वजो ने जिस मकसद के लिए हमारा सविधान बनाया वो सविधान देश के एक एक इंसान को मजबूत बनाए और उनके अधिकारों का हनन कोई न कर सके ….
अधिकारों की बात करते है तो आज देश मे गोरे अंग्रेजो से भी ज्यादा काले अंग्रेज आ गए है जो भारतमाता को लूट रहे है यहां ध्यान देना होगा भारतमाता मतलब देश के हर वर्ग के इंसान ,जीव जंतु ,सभी के हिस्से की सम्पत्ति ,अधिकार,इस कारण इस अमीर धरातल में गरीब लोग अधिक है जिनमे आज भी लोगो को एक टाइम का खाना ,शिक्षा ,स्वास्थ्य ,रोजगार,कपड़े सहित जो हमारी मूलभूत आवश्यकता है उसके लिए तरसना पड़ता है। समय बदलना पड़ेगा हम सब को अपने अधिकार को जानना होगा और इसकी रक्षा के लिए आगे आकर संघर्ष करना होगा। बाबा साहेब आबेंडकर महात्मा गांधी ,भगतसिंह ,सुभाषचन्द्र बोस ,चंद्रशेखर आजाद ,पंडित नेहरु ,वल्लभ भाई पटेल सहित हमारे देश के जितने नायक हुए है ,वीर शहीद हुए उनके सपनों का भारत बनाना होगा । जिलाध्यक्ष सहित अनुसूचित जाति विभाग के प्रदेश उपाध्यक्ष दलीचंद ओगरे, जिलाध्यक्ष गणेश पात्रे, जिला उपाध्यक्ष आफताब राजा, जे.डी मानिकपुरी, प्रदेश सचिव टिंकू जैन,केवल चंद्रवंशी , विधानसभा अध्यक्ष हीरो जांगड़े, हेमचंद वार्ते, सत्या सत्यवंशी, रूपेश यादव,रामदास पटेल , कमल वर्मा, लालचंद साहू, शिव चन्द्रवंशी, मोती टेकाम, नंदू चन्द्रवंशी, नेमचंद यादव,लिखन साहू ,वचनदास मानिकपुरी ,दिनेश झारिया सहित कार्यकर्ता उपस्थित हुए ।