वाराणसी । भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें पहले अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी घुसपैठियों को संरक्षण देने का काम कर रहे हैं।
नितिन नवीन ने यह बात अपने दो दिवसीय काशी दौरे के दूसरे दिन श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना करने के बाद कही।
राहुल गांधी पर साधा निशाना
नितिन नवीन ने कहा कि अगर राहुल गांधी में हिम्मत है तो उन्हें पहले अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए। उन्होंने कहा कि जनता सब कुछ देख रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि नेता प्रतिपक्ष घुसपैठियों को संरक्षण देने का काम कर रहे हैं। उनका कहना था कि भारत के संसाधनों और सुविधाओं पर देश के नागरिकों का अधिकार है।
चुनाव आयोग को लेकर भी उठाए सवाल
नितिन नवीन ने राहुल गांधी की ओर से चुनाव आयोग को लेकर लगाए जा रहे आरोपों पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि केरल और तमिलनाडु में भी इसी चुनाव आयोग ने चुनाव कराए हैं और वहां चुनाव में अलग-अलग दलों को सफलता मिली है।
उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग पर सवाल उठाने से पहले राहुल गांधी को अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए।
घुसपैठियों के मुद्दे पर भाजपा का रुख
नितिन नवीन ने कहा कि अलग-अलग जगहों से आकर भारत में रहने वाले लोग देश के नागरिकों के अधिकारों और संसाधनों पर असर डाल रहे हैं। उन्होंने कहा कि भारत की जमीन, संसाधन और सुविधाओं पर सबसे पहला अधिकार भारत के नागरिकों का है।
उन्होंने कहा कि भाजपा ऐसे लोगों को भारत में बसाने के किसी भी प्रयास के खिलाफ खड़ी रहेगी।
भाजपा कार्यकर्ताओं की तारीफ
भाजपा अध्यक्ष ने पार्टी के कार्यकर्ताओं का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि भाजपा का कार्यकर्ता केवल चुनाव के समय काम नहीं करता, बल्कि पूरे साल जनता के बीच रहता है।
उन्होंने कहा कि पार्टी के कार्यकर्ता लगातार लोगों से संपर्क करते हैं और संगठन को मजबूत करने का काम करते हैं।
काशी विश्वनाथ मंदिर में की पूजा
नितिन नवीन ने श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना की। उन्होंने काशी विश्वनाथ धाम के भव्य निर्माण की सराहना की।
उन्होंने कहा कि काशी विश्वनाथ धाम आने वाले श्रद्धालुओं को यहां एक अलग तरह का अनुभव मिलता है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को धाम के विकास के लिए बधाई दी।
नितिन नवीन के बयान के बाद राहुल गांधी और भाजपा के बीच चुनाव आयोग तथा घुसपैठियों के मुद्दे पर राजनीतिक बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।