प्रदेश के सभी जिला मुख्यालय मे एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन। बिजली बिल हाफ योजना को पुन: 400 यूनिट तक की मांग ।
यूनिट दर मे बढोतरी का विरोध। अघोषित बिजली कटौती बंद किया जाय ।
लो-वोल्टेज की समस्या दूर करने की मांग।
जोहार छत्तीसगढ पार्टी द्वारा पूरे प्रदेश मे बिजली बिल के नाम पर जनता को लूटने , अघोषित बिजली कटौती व लो- वोल्टेज की समस्याओ को लेकर सभी जिला मुख्यालयो मे एक दिवसीय धरना- विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया है ।
सभी जिलो मे पार्टी पदाधिकारियो, कार्यकर्ताओं को सडक पर उतर कर आम जनता से बिजली के नाम सरकार द्वारा किये जा रहे लूट – डकैती के खिलाफ मुखरता से विरोध कर फैसला वापिस लेने , महगाई से त्रस्त जनता को इस दुख से निजात दिला राहत पहुचाने इस आन्दोलन जन-जन तक पहुंचाने की जिम्मेदारी जोहार छत्तीसगढ पार्टी जारी रखेगी ।
सरप्लस बिजली वाला राज्य होने के बाद भी रोज अघोषित बिजली कटौती व लो-वोल्टेज की समस्या सभी जगह लगातार बनी है , इस बेचैनी व उमस भरी गर्मी मे बिजली के दिक्कतो से आमजन परेशान है , लो – वोल्टेज से किसानो के सिंचाई पंप नही चल पा रहे , जिससे खेती चौपट होने का खतरा है । नये मीटर की अंधाधुंध रफ्तार संदेह पैदा करती है।
इस आंदोलन के तहत 23 सितंबर, मंगलवार को सुबह 10 बजे राजधानी के राजीव गांधी चौक मोतीबाग के पास मे एकत्र होकर प्रदर्शन किया , सभा पश्चात राज्यपाल महोदय के नाम ज्ञापन भी सौपा गया।
पार्टी के जिला पदाधिकारियों ने राजधानी मे राजीव गांधी चौक मोतीबाग मे एकत्र होकर धरना-प्रदर्शन किया । राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौपा। जिला अध्यक्ष गोपी साहू ने बढ़े बिजली बिल को लेकर सरकार को जमकर घेरा। प्रदेश अध्यक्ष अमित बघेल ने कहा सस्ता कोयला , बेहिसाब पानी और सस्ता श्रम उपलब्ध होने के बाद भी छत्तीसगढ़ में बिजली बिल का महंगा होना बीजेपी की विफलता है।
