ग्रामीण स्वास्थ्य की दिशा में अदाणी फाउंडेशन का सार्थक प्रयास
गैतरा में 499 और चिचोली में 595 ग्रामीणों ने पंजीकरण कर विभिन्न स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाया
हड्डी रोग, त्वचा रोग, पेट रोग और सामान्य चिकित्सा विशेषज्ञों की टीम ने सेवाएँ दीं
रायपुर, सामुदायिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ करने की दिशा में अदाणी फाउंडेशन ने ग्राम गैतरा और ग्राम चिचोली में विशाल निःशुल्क स्वास्थ्य जाँच शिविरों का आयोजन किया। यह पहल अदाणी पावर लिमिटेड, रायखेड़ा की कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (CSR) गतिविधियों के अंतर्गत संचालित की गई। इन शिविरों का उद्देश्य ग्रामीणों को विशेषज्ञ चिकित्सा सेवाएँ उपलब्ध कराना, समय पर निदान सुनिश्चित करना और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।
गैतरा में 499 और चिचोली में 595 ग्रामीणों ने पंजीकरण कर विभिन्न स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाया। गैतरा शिविर में हड्डी रोग, त्वचा रोग, पेट रोग और सामान्य चिकित्सा विशेषज्ञों की टीम ने सेवाएँ दीं। वहीं चिचोली में हृदय रोग, स्त्री रोग, नेफ्रोलॉजी और अन्य विशेषज्ञों ने मरीजों की जाँच की।

प्रमुख सेवाएँ और निष्कर्ष:
गैतरा: बुजुर्गों और श्रमिकों में हड्डी व जोड़ संबंधी समस्याओं की पहचान की गई। त्वचा रोग विशेषज्ञों ने एलर्जी, दाद और खुजली जैसी बीमारियों पर परामर्श दिया।
चिचोली: हृदय रोग विशेषज्ञों ने ईसीजी के माध्यम से उच्च रक्तचाप और हृदय गति की अनियमितताओं का निदान किया। नेफ्रोलॉजी विशेषज्ञों ने गुर्दे संबंधी समस्याओं पर सलाह दी।
दोनों शिविरों में मरीजों को आवश्यकतानुसार निःशुल्क दवाइयाँ प्रदान की गईं।
गैतरा: स्प्रिंग विज़न टीम द्वारा 82 लोगों की आँखों की जाँच की गई, जिसमें 56 को निःशुल्क चश्मे वितरित किए गए।
चिचोली: 66 लाभार्थियों को चश्मे प्रदान किए गए।
ग्रामीणों की प्रतिक्रियाएँ:
रामलाल साहू (गैतरा): “हमें शहर जाने की जरूरत नहीं पड़ी। गाँव में ही विशेषज्ञ डॉक्टरों ने जाँच की। यह हमारे लिए बड़ी सुविधा है।”
प्रतिभा बाई (गैतरा): “आर्थिक तंगी के कारण जाँच नहीं करा पा रही थी। इस शिविर से सही परामर्श और दवा मिली।”
रामप्रसाद यादव (चिचोली): “पहली बार गाँव में इतना बड़ा स्वास्थ्य शिविर हुआ। हड्डी दर्द का सही निदान हुआ।”
सुनीता बाई (चिचोली): “दृष्टि धुँधली हो रही थी। जाँच के बाद निःशुल्क चश्मा मिला। अब साफ दिखाई देता है।”
अमित साहू (चिचोली): “ईसीजी सुविधा से हृदय रोगों का समय पर पता लगाना आसान हुआ।”
शिविरों का शुभारंभ ग्राम पंचायतों के सरपंचों और स्थानीय गणमान्य नागरिकों ने किया। स्वयंसेवकों ने पंजीकरण, जाँच और दवा वितरण की प्रक्रिया को व्यवस्थित रूप से संचालित किया।

शिविरों के दौरान विशेषज्ञों ने संतुलित आहार, स्वच्छता, नियमित व्यायाम, मानसिक स्वास्थ्य और महिलाओं व बच्चों की विशेष स्वास्थ्य जरूरतों पर जानकारी दी।
अदाणी फाउंडेशन की प्रतिबद्धता:
“हमारा उद्देश्य केवल स्वास्थ्य जाँच नहीं, बल्कि ग्रामीण समुदाय को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना भी है। स्वस्थ समाज ही विकास की दिशा में आगे बढ़ सकता है।”
छत्तीसगढ़ में अदाणी फाउंडेशन की पहलें:
अदाणी फाउंडेशन छत्तीसगढ़ में शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका और सामुदायिक विकास के क्षेत्रों में निरंतर कार्य कर रहा है। फाउंडेशन की पहलें स्थानीय समुदायों को सशक्त बनाने और समावेशी विकास को बढ़ावा देने के लिए समर्पित हैं।